देश में तेजी के साथ बढ़ रही मूंज से बने उत्पादों की मांग, छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का किया जा रहा आयोजन
देश में मूंज उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है। इस मांग को पूरा करने और लोगों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य स्थानीय लोगों को मूंज से विभिन्न उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण देना है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो सके।
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देश में तेजी के साथ बढ़ रही मूंज से बने उत्पादों की मांग।
संवाद सूत्र, कमरौली (अमेठी)। जगदीशपुर औद्योगिक क्षेत्र के रोड नंबर चार पर 20 आर्टिजन क्रेडिट कार्ड धारकों के लिए छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। जहां उन्हें कई जानकारियां प्रदान की जा रही हैं। कार्यालय विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) भारत सरकार के प्रयोजन से तथा अमेठी हैंडी क्राफ्ट प्रोड्यूसर के आयोजन में वस्त्र मंत्रालय भारत सरकार से आए अधिकारी विनय सिंह ने विभिन्न सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की।
उन्होंने बताया कि मूंज से बने उत्पादों की देश भर में मांग तेजी से बढ़ रही है। यह ऐसा क्राफ्ट है, जिसके लिए कच्चा माल हमारे आस-पास ही उपलब्ध हो जाता है। आवश्यकता है तो केवल कौशल और गुणवत्ता पर ध्यान देने की।
गुणवत्तापूर्ण उत्पाद तैयार कर आर्टिजन स्थानीय से राष्ट्रीय स्तर तक बाजार प्राप्त कर सकते हैं। इसके पश्चात मुख्य वक्ता के रूप में आयुषी श्रीवास्तव डिजाइनर हस्तशिल्प ने विभिन्न प्रकार की डिजाइन अवधारणाओं पर प्रस्तुतिकरण दिया।
उन्होंने डिजाइन डेवलपमेंट, डिजाइन प्रोसेस, कलर थ्योरी, प्रकृति प्रेरित डिजाइन, आकार प्रेरित डिजाइन, एब्स्ट्रैक्ट डिजाइन, और स्व-प्रेरित डिजाइन सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन किया।
कार्यक्रम के नोडल अधिकारी राकेश शुक्ला, सरिता, माया, दीपा, मीरा, खुशमता, रेखा, शशि, रामरती, विमला, श्यामपती, सावित्री सहित कई महिलाएं उपस्थित रही।

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