संसू, हनुमानगंज : डेंगू बुखार फैलने का सिलसिला जारी है और अब पूरा जनपद ही इसकी गिरफ्त में है। जहरीले मच्छरों के आगे मलेरिया विभाग द्वारा फैलाई जा रही जागरूकता बेमायने साबित हो रही है। विकासखंड बहादुरपुर के दलापुर गांव में एक ही परिवार से दो बालिकाओं की बुखार से मौत हो गई। परिवार ने निजी क्लीनिक के चिकित्सकों की जांच रिपोर्ट के आधार पर दावा किया है कि लड़कियों की मौत डेंगू से हुई है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं है।

दलापुर गांव के डिहवा मजरा निवासी राजेश कुमार भारतीया की पांच वर्षीय बेटी निष्ठा को पिछले सप्ताह बुखार आया था। उसे एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। राजेश कुमार का कहना है कि डाक्टर ने जांच में डेंगू बताया था। दूसरे ही दिन निष्ठा का दम टूट गया। निष्ठा की जान जाना परिवार के लिए सिर पर पहाड़ टूटने जैसा था। लोग दुख से उबर भी नहीं पाए थे कि परिवार में ही तीरथलाल की 14 वर्षीय बेटी मंजली भी बुखार से पीड़ित हो गई। उसे झूंसी के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां शनिवार को उसकी मौत हो गई। जिला मलेरिया अधिकारी आनंद कुमार सिंह ने कहाकि डेंगू की पुष्टि तभी होती है जब माइक्रोबायोलाजी लैब में एलाइजा टेस्ट हो। स्थानीय स्तर पर प्राइवेट डाक्टर रैपिड टेस्ट करते हैं इसमें वायरल बुखार में भी डेंगू की रिपोर्ट आती है यह अक्सर एरर की वजह से होता है। इसलिए ब्लड का सीरम टेस्ट कराया जाता है। कहा कि दलापुर में डेंगू से दो लड़कियों की मौत की जानकारी उनके पास नहीं आई है।

Edited By: Jagran