प्रयागराज, जागरण संवाददाता। प्रयागराज से पंडित दीनदयाल उपाध्याय (पीडीडीयू) के बीच तीसरी लाइन बिछाने के काम में तेजी आई है। इस रूट पर विद्युतीकरण कार्य के लिए टेंडर जारी हुआ है। 18 करोड़ के इस कार्य को 24 महीने के अंदर पूरा करना है। यह काम फेज एक के तहत ब्लाक सेक्शन छिवकी-करछना-भरीपुर के 18 किमी दूरी व फेज द्वितीय के तहत ब्लाक सेक्शन से कलिहाहट-अहरौरा रोड जियोनाथपुर के 18 किमी रूट पर होगा। 2024 तक हर हाल में इस कार्य को पूरा करना है ताकि नई पटरी पर ट्रेन दौड़ाई जा सके। इसके बनने से ट्रेनें विलंबित नहीं होंगी और यात्रियों को सुविधा होगी।

प्रयागराज-पीडीडीयू के बीच तीसरी लाइन बिछाने से क्या होगा यात्रियों को फायदा

प्रयागराज से पीडीडीयू के बीच तीसरी लाइन बिछाने का कार्य जब पूरा होगा तो इस रूट पर यात्रियों को काफी फायदा मिलेगा। ट्रेनों की इस रूट पर लेट लतीफी बंद हो जाएगी। यानी ट्रेनें समय से पहुंचेंगी। उनकी गति भी बढ़ेगी। माल ढुलाई आसान होने से रेलवे का मुनाफा भी बढ़ेगा। ट्रेनों के आवागमन के दौरान उन्हें दूसरी ट्रेनों को पास देने के लिए आउटर पर रोकने जैसी समस्या का भी निदान होगा। रेल संरक्षा में भी यह काफी कारगर होगी।

ट्रेनों की 160 किमी प्रति घंटा रफ्तार की दिशा में काम

मौजूदा समय में प्रयागराज मंडल में 350 मालगाड़ी और 275 यात्री ट्रेन का संचालन हो रहा है। यात्री ट्रेनों में से 220 ट्रेनें ऐसी हैं जिनकी अधिकतम स्पीड मौजूदा समय में 130 किमी प्रति घंटा है। 2024 तक इन ट्रेनों की अधिकतम स्पीड 160 किमी प्रति घंटा करने की तैयारी है और नई लाइन उसी दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगी।

2024 तक पूरा करना है काम

प्रयागराज से पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन के बीच 150 किलोमीटर लंबी तीसरी रेलवे लाइन के निर्माण के लिए बजट में इस वर्ष छह अरब रुपये मिले हैं। यह परियोजना 2649.44 करोड़ की है और इसे 2023-24 तक पूरा करना है। यह लाइन इस रूट पर ट्रेनों के दबाव को सीधे तौर पर कम कर देगी। प्रयागराज समेत चंदौली, मीरजापुर आदि जनपदों को इसका सीधा लाभ होगा।

एनसीआर के सीपीआरओ बोले

उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) के सीपीआरओ डा. शिवम शर्मा ने बताया कि 2024 तक इस लक्ष्य को प्राप्त किया जाना है। इसके लिए हर स्तर पर अब तेजी आएगी।

Edited By: Brijesh Srivastava