प्रयागराज, जागरण संवाददाता। मिशन-2022 के लिए सभी राजनीतिक दलों ने कमर कस ली है। अपनी गतिविधियों को भी तेज कर दिया है। अलग अलग जाति और वर्ग के लोगों को साधने की कोशिश हो रही है। इसी कड़ी में धार्मिक अनुष्ठान को भी सियासी वैतरिणी पार करने का जरिया बनाया जा रहा है।

धार्मिक अनुष्ठानों के सहारे वोट बैंक को मजबूत करने की कवायद

भाजपा के कार्यकर्ता और पदाधिकारी अलग अलग क्षेत्र में जाकर रुद्राभिषेक कर रहे हैं। इनमें स्थानीय लोगों को भी शामिल करने का प्रयास हो रहा है। उधर, सपा कार्यकर्ताओं ने भी लोगों को जोडऩे के लिए रुद्राभिषेक व मंदिरों में आरती की कार्य योजना तैयार की है। कांग्रेस की तरफ से भी इस तरह के आयोजन कराए जा रहे हैं। तमाम वेदपाठी ब्राह्मण मौजूद रहते हैं जो सभी का मंत्रों के उच्चारण के साथ तिलक करते हैं। पूरा वातावरण धार्मिक सा प्रतीत होता है। इसकी बानगी एक दिन पहले बसपा महासचिव सतीश चंद्र मिश्र के आगमन पर हुए प्रबुद्ध सम्मेलन में देखने को मिली। सभी का मानना है कि धार्मिक अनुष्ठानों के सहारे वोट बैंक को मजबूत बनाया जा सकता है

भाजपा मौसमी राजनीति नहीं करती है। हम सब साल भार धार्मिक अनुष्ठान समाज के लोगों के साथ मिलकर करते रहते हैं। ईश्वर में हम सब की अटूट निष्ठा है।

- गणेश केसरवानी, भाजपा महानगर अध्यक्ष

धार्मिक अनुष्ठान आस्था का विषय है। इससे ईश्वर की कृपा तो होती ही है, समाज को जोडऩे में भी मदद मिलती है। यही वजह है कि संगठन ऐसे आयोजन कर रहा है।

- योगेश चंद्र यादव, सपा जिलाध्यक्ष

सावन में संगठन की ओर से जगह जगह धार्मिक अनुष्ठान कार्यकर्ता व पार्टी पदाधिकारी कर रहे हैं। इसका लक्ष्य ईश्वर की कृपा पाने के साथ सामाजिक समरसता बनाना है।

- मुकुंद तिवारी, प्रदेश सचिव कांग्रेस

सुशील बने सपा अधिवक्ता सभा के प्रदेश सचिव

समाजवादी पार्टी अधिवक्ता सभा के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप कुमार ने सुशील कुमार यादव को प्रदेश कार्यकारिणी में सचिव नियुक्त किया है। सुशील यादव जिला बार एसोसिएशन के पूर्व कोषाध्यक्ष एवं सपा अधिवक्ता सभा के पूर्व जिलाध्यक्ष रह चुके हैं। कृष्णमूॢत सिंह, कमलेश रतन यादव, रिपु सूदन यादव, सैयद मिंहाज अहमद, फहीम सिद्दीकी, कृपाशंकर बिंद, रूपनाथ यादव आदि का कहना है कि सुशील के प्रदेश सचिव बनने से पार्टी और मजबूत होगी।

Edited By: Ankur Tripathi