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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Khair Bypoll Result 2024: चारू केन चारों खाने ​चित्त, खैर उपचुनाव के 'खिलाड़ी' बने सुरेंद्र सिंह दिलेर, भाजपा ने लगाई जीत की हैट्रिक

Published: Sat, 23 Nov 2024 02:15 PM (GMT+05:30)Updated: Sat, 23 Nov 2024 05:30 PM (GMT+05:30)

Surendra Singh Diler career भाजपा ने 38 हजार से अधिक के बड़े अंतर से जीत दर्ज कर खैर विधानसभा में ...और पढ़ें

भाजपा के सुरेंद्र दिलेर खैर से विधायक बने हैं।
भाजपा के सुरेंद्र दिलेर खैर से विधायक बने हैं।

HighLights

  1. भाजपा ने 38 हजार से अधिक के बड़े अंतर से सपा को हराया
  2. दिलेर परिवार की तीसरी पीढ़ी के नेता है सुरेंद्र

डिजिटल डेस्क, अलीगढ़। खैर विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में भाजपा ने जीत की हैट्रिक लगाई है। पूर्व सांसद किशनलाल दिलेर के नाती व राजवीर दिलेर के पुत्र सुरेंद्र दिलेर ने अपने परिवार की बादशाहत कायम रखते हुए सपा की चारूकैन को 38393 वोटों के बड़े अंतर से हराया है।

2017 के बाद से भाजपा की यह लगातार तीसरी जीत है। इस बार के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी को कुल 100181 लाख मत प्राप्त हुए है तो सपा प्रत्याशी 61788 वोट ही ले सकीं। बसपा प्रत्याशी डा. पहल सिंह को इस बार 13365 वोटों के साथ तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है और उनकी जमानत जब्त हो गई। अन्य प्रत्याशी चार अंकों का आंकड़ा भी नहीं छू सके।

2022 में विधायक चुने गए थे अनपू प्रधान

2022 में विधायक चुने गए अनूप प्रधान के 2024 लोकसभा चुनाव में हाथरस संसदीय सीट से सांसद चुने जाने के बाद खैर विधानसभा क्षेत्र की सीट रिक्त चल रही थी। आयोग ने पिछले दिनों इसमें उपचुनाव कराने की घोषणा की। 20 नवंबर को हुए मतदान में विधानसभा क्षेत्र के कुल 4.02 लाख मतदाताओं में से 1.86 लाख ने पांच प्रत्याशियों के लिए मतदान किया। विधानसभा क्षेत्र में कुल 46.36 प्रतिशत लोगों ने वोट डाले। पोस्टबैलेट को शामिल किया गया।

पहले राउंड से ही बढ़त पर रहे सुरेंद्र

शनिवार को कड़ी सुरक्षा में धनीपुर मंडी परिसर में मतगणना शुरू हुई। सुबह आठ बजे सबसे पहले मतपत्रों की गिनती हुई। इसके बाद ईवीएम के वोटों की गिनती शुरू हुई। इसमें पहले राउंड की शुरुआत के साथ ही भाजपा प्रत्याशी सुरेंद्र दिलेर ने बढ़त बनानी शुरू कर दी। हर राउंड में सपा प्रत्याशी के सामने लीड बढ़ती चली गई। पांच राउंड तक वोटों को अंतर 10 हजार के करीब पहुंच गया। आखिरी राउंड तक भाजपा की जबदरस्त लीड कायम रही। कुल 31 राउंड में 1.84 लाख मतों की गिनती की गई। इसमें भाजपा ने सबसे अधिक 1.01 लाख वोट प्राप्त किए। ऐसे में भाजपा ने 61788 वोट प्राप्त करने वाली सपा को चारों खाने चित कर दिया। 

भाजपा ने लगातारी तीसरी बार जीत की दर्ज

लगातार तीसरी बार जीत दर्ज कर भाजपा ने खैर विधानसभा क्षेत्र की बादशाहत को भी कायम रखा। रिटर्निंग आफिसर महिमा सिंह ने सुरेंद्र दिलेर को जीत का प्रमाण पत्र दिया।

भाजपा के सुरेंद्र दिलेर को 100181 मत प्राप्त हुए। वहीं सपा की चारू कैन को 61788 मत प्राप्त हुए। बसपा के पहल सिंह को 13365 वोट मिले। आजाद समाज पार्टी के नितिन कुमार को 8269 और शोषित समाज पार्टी भूपेंद्र कुमार 1143 को मत मिले। 760 मतदाताओं ने नोटा का बटन दबाया।

खैर में भाजपा की खत्म हुई चिंता

वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में 2017 के बाद लगातार दूसरी बार भाजपा के अनूप प्रधान जीते थे। उन्होंने बसपा प्रत्याशी चारू कैन को 74341 मतों से हराया था, लेकिन पिछले दिनों लोकसभा चुनाव 2024 के परिणाम में भाजपा को इस विधानसभा क्षेत्र में झटका लगा था। पार्टी प्रत्याशी सतीश गौतम को सपा-कांग्रेस गठबंधन प्रत्याशी चौ. बिजेंद्र सिंह से 1401 वोट कम मिले थे। इससे भाजपा चिंता में थी, लेकिन अब उपचुनाव में एक बार फिर भाजपा ने बड़े अंतर से जीत दर्ज कर इस चिंता को खत्म कर दिया।

कौन हैं सुरेंद्र दिलेर

हाथरस के पूर्व सांसद राजवीर दिलेर के बेटे सुरेंद्र दिलेर को पार्टी ने प्रत्याशी बनाया था। सुरेंद्र अपने परिवार से भाजपा से टिकट पाने वाले तीसरी पीढ़ी के सदस्य बने। उनके दादा किशनलाल दिलेर हाथरस से सांसद रह चुके हैं। शीर्ष नेतृत्व चाहता था कि ऐसे चेहरे को प्रत्याशी बनाया जाए जो सबकी पसंद बने। उनमें सुरेंद्र दिलेर सबसे ऊपर साबित हुए थे।

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लोकसभा चुनाव में पार्टी ने हाथरस सांसद राजवीर दिलेर की टिकट काटकर खैर से विधायक अनूप प्रधान को प्रत्याशी बनाया था। जिसमें उन्होंने जीत हासिल की। चुनाव के दौरान ही राजवीर दिलेर की मृत्यु हो गई थी। उनके परिवार पर यह बड़ा आघात था। परिवार की राजनीति को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी सुरेंद्र दिलेर पर थी। सुरेंद्र दिलेर की जीत के साथ पार्टी ने यहां से जीत की हैट्रिक बनाई।