आगरा BSA की कार्रवाई: छुट्टी के बाद छात्रा से झाड़ू-पोछा लगवाने वाली शिक्षिका निलंबित, वीडियो साक्ष्य बने आधार
Agra News: एक सहायक अध्यापिका सुमन बाला को छात्रा से अपने निजी आवास पर झाड़ू-पोछा और बर्तन साफ कराने के गंभीर आरोप में निलंबित कर दिया गया है।

Agra News: सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
शिक्षिका सुमन बाला छात्रा से कराती थीं घरेलू काम।
वीडियो साक्ष्य के आधार पर हुई निलंबन की कार्रवाई।
बेसिक शिक्षा अधिकारी ने मर्यादा उल्लंघन पर लिया संज्ञान।
जागरण संवाददाता, आगरा। Agra News: विद्यालय में पढ़ने वाली छात्रा को छुट्टी के बाद अपने निजी आवास पर ले जाकर झाड़ू-पोछा, बर्तन साफ कराने और खाना बनवाने के गंभीर आरोप में बेसिक शिक्षा विभाग ने सहायक अध्यापक सुमन बाला को निलंबित कर दिया है। वह फतेहपुर सीकरी ब्लाक के उच्च प्राथमिक विद्यालय दयौरेठा कंपोजिट में तैनात थीं।
बेसिक शिक्षाधिकारी डॉ. राकेश कुमार सिंह ने उपलब्ध लिखित स्पष्टीकरण, अभिलेखीय और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के परीक्षण के बाद यह कार्रवाई की है।
आरोप है कि शिक्षिका विद्यालय की छात्रा को अवकाश के बाद अपने निजी आवास पर ले जाती थीं और उससे घरेलू काम कराती थीं। इनमें झाड़ू-पोछा, बर्तन साफ करना और खाना बनवाना शामिल है। बीएसए ने इसे प्रथम दृष्टया शिक्षक-छात्र संबंधों की मर्यादा, पद की गरिमा और बालिका के सम्मान एवं संरक्षण के प्रतिकूल गंभीर कदाचार माना है।
प्रधानाध्यापक ने प्रस्तुत किए वीडियो साक्ष्य
उक्त शिक्षिका ने अपने विद्यालय के इंचार्ज प्रधानाध्यापक शिव सिंह पर गलत व्यवहार करने और विद्यालय का माहौल प्रभावित करने के आरोप लगाए थे। इस पर बीएसए ने दोनों पक्षों को कार्यालय बुलाकर उनका पक्ष सुना। प्रधानाध्यापक ने उत्तर में लिखित कथन, स्पष्टीकरण के साथ अभिलेखीय और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य प्रस्तुत किए। उन्होंने वीडियो के माध्यम से छात्रा से निजी आवास पर घरेलू कार्य कराने संबंधी आरोप लगाए। साक्ष्यों के परीक्षण में शिक्षिका के विरुद्ध लगे आरोप भी गंभीर प्रकृति के पाए गए।
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खेरागढ़ बीईओ कार्यालय में रहेंगी तैनात
बीएसए ने निलंबन आदेश में कहा है कि प्रत्येक शिक्षक का दायित्व विद्यार्थियों को सुरक्षित, भयमुक्त और सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराना है। आरोपित का आचरण निश्शुल्क व अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की भावना और बाल संरक्षण के सिद्धांतों के विपरीत प्रथम दृष्टया प्रतीत होता है इसलिए निलंबन की यह कारर्वाई की है। निलंबन अवधि में शिक्षिका खंड शिक्षाधिकारी खेरागढ़ के कार्यालय से संबद्ध रहेंगी।
सक्षम अधिकारी की पूर्व लिखित अनुमति के बिना मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगी। प्रकरण की विभागीय जांच खंड शिक्षाधिकारी नगर क्षेत्र सुमित कुमार सिंह को सौंपी गई है।
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