नई दिल्ली, टेक डेस्क। गूगल इंडिया ने ऐलान किया कि कंपनी ने एक नया फीचर लॉन्च किया है। गूगल मैप का नया फीचर Plus Code है। इस फीचर की मदद से यूजर अपने घर का डिजिटल पता बना पाएंगे। जिससे कोई भी व्यक्ति आपकी सटीक लोकेशन पर पहुंच सकेगा। यह मौजूदा पिन कोड की तरह काम करेगा। मतलब आपके पते को एक डिजिटल कोड नंबर दे दिया जाएगा। यह फिजिकल पते से बिल्कुल अलग होगा। इससे दुनिया के किसी भी कोने से आपके एड्रेस तक पहुंचा जा सकेगा। 

डिजिटल एड्रेस में लोगों के नाम, इलाके और घर के नंबर की जरूरत नहीं होती है। डिजिटल एड्रेस कोड प्लस कोड अक्षांश और देशांतर पर आधारित होते हैं और संख्याओं और अक्षरों के एक छोटे क्रम के रूप में प्रदर्शित होते हैं, जो सीधे दरवाजे तक सटीकता प्रदान करते हैं। प्लस कोड व्यवसायों की खोज और नेविगेशन को भी आसान बनाते हैं।

डिजिटल एड्रेस में क्या होगा अलग 

डिजिटल एड्रेस कोड बनाने के लिए देश के हर घर को अलग-अलग आइडेंटिफाइ किया जाएगा। और एड्रेस को जियोस्पेशियल कोऑर्डिनेट्स (geospatial coordinates) से लिंक किया जाएगा, जिससे हर किसी के एड्रेस को सड़क या मोहल्ले से नहीं बल्कि नंबर्स और अक्षरों वाले एक कोड से हमेशा पहचाना जा सके। यह कोड एक स्थायी कोड होगा।

क्या होगा फायदा 

  1. डिजिटल एड्रेस से आपको किसी के साथ अपना फोन नंबर या फिर फिजिकल पता नहीं शेयर करना होगा।
  2. इससे ई-कॉमर्स, लॉजिस्टिक्स और डिलीवरी कंपनियों को सामान पहुंचाने में आसानी हो जाएगी। 
  3. डिजिल कोड वाले प्लस कोड भोजन, दवाएं, या पार्सल को एक लोकेशन से दूसरी लोकेशन तक पहुंचाना आसान हो जाएगा।  

Edited By: Saurabh Verma