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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

क्या है Wi-Fi टेक्नोलॉजी, कैसे करती है काम; सही नेटवर्क सेलेक्ट करने के लिए कौन-सी बातें जरूरी

By Shivani KotnalaEdited By: Shivani Kotnala
Published: Mon, 29 May 2023 09:00 PM (IST)

what is wifi technology आप इंटरनेट के लिए स्मार्टफोन के डेटा को ऑन करते हैं लेकिन यही डेटा जब खत्म ...और पढ़ें

What Is wifi technology How It Works Know More, pic courtesy- Jagran
What Is wifi technology How It Works Know More, pic courtesy- Jagran

 नई दिल्ली, टेक डेस्क। आज के समय में इंटरनेट का इस्तेमाल करना हर दूसरे यूजर की बड़ी जरूरत है। बात चाहे ऑनलाइन शॉपिंग की हो या गूगल सर्च की या यूट्यूब पर गाने प्ले करने की, लगभग हर काम के लिए डिवाइस में डेटा का ऑन होना जरूरी शर्त है।

वहीं, जब इंटरनेट इस्तेमाल करने की बात आती है तो यूजर के पास मोबाइल डेटा के अलावा भी कई दूसरे ऑप्शन मौजूद होते हैं। इंटरनेट कनेक्शन के लिए वाईफाई का इस्तेमाल कॉमन है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है, वाईफाई क्या है, यह सर्विस कैसे काम करती है? इस आर्टिकल में आपको वाईफाई के ही बारे में बताने जा रहे हैं-

वाईफाई क्या है?

वाईफाई एक वायरलैस नेटवर्किंग टेक्नोलॉजी है। वाईफाई की फुल फॉर्म Wireless Fidelity है। यह Wi-Fi Alliance नाम के नॉन प्रोफिट ऑग्नाइजेशन का ट्रेडमार्क है। यह कंपनी वाई टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल को प्रमोट करती है।

इस टेक्नोलॉजी की मदद से लैपटॉप, डेस्कटॉप, स्मार्टफोन, वियरेबल डिवाइस, प्रिंटर्स और वीडियो कैमरा जैसे डिवाइस इंटरनेट को एक्सेस कर पाते हैं। इस टेक्नोलॉजी की मदद से डिवाइस आपस में एक-दूसरे से कनेक्ट होते हैं और एक नेटवर्क क्रिएट कर आपस में जानकारियों को बांटते हैं।

वाईफाई कैसे करता है काम?

वाईफाई डिजिटल डिवाइस में डेटा ट्रांसफर का वायरलैस जरिया है। दरअसल वायरलैस होने के साथ ही यह सर्विस रेडियो वेव्स के जरिए काम करती है। वाईफाई रूटर एक ऐसा डिवाइस होता है, जिसके जरिये घर और ऑफिस में इंटरनेट का इस्तेमाल संभव हो पाता है। यहां ध्यान देने वाली बात ये है कि वाईफाई का इस्तेमाल करने के लिए वाईफाई अडैप्टर की जरूरत होती है। वहीं स्मार्टफोन से लेकर पीसी तक वाईफाई अडैप्टर बिल्ट-इन होते हैं।

कितने तरह की होती है वाई-फाई टेक्नोलॉजी

अब सवाल आता है कि वाई-फाई टेक्नोलॉजी कितनी तरह की होती है। दरअसल वाईफाई सर्विस कॉस्ट, रेंज और स्पीड के पैमाने पर अलग-अलग तरह की होती है। यह वाईफाई टेक्नोलॉजी Wi-Fi-802.11a, Wi-Fi-802.11b, Wi-Fi-802.11g, Wi-Fi-802.11n, Wi-Fi-802.11a के नाम से जानी जाती हैं। आइए वाईफाई की इन टेक्नोलॉजी की रेंज, स्पीड और कॉस्ट के बारे में जानें-

802.11a वाई-फाई टेक्नोलॉजी नेटवर्किंग राउटर और एंटेना के रेडियो सिग्नल पर काम करती है। वहीं जब Wi-Fi-802.11b टेक्नोलॉजी की बात करते हैं तो यह 11mbps की bandwidth सपोर्ट के साथ कॉस्ट-इफेक्टिव नेटवर्क है। खास कर इस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल घर के गैजेट्स के लिए किया जा सकता है। इस टेक्नोलॉजी में रेंज को लेकर भी किसी तरह की कोई परेशानी नहीं आती।

Wi-Fi-802.11g टेक्नोलॉजी 54mbps bandwidth सपोर्ट के साथ आती है। अच्छी रेंज के लिए यह टेक्नोलॉजी 2.4 GHz फ्रीक्वेंसी का इस्तेमाल करती है। यह Wi-Fi-802.11b के मुकाबले थोड़ी महंगी होती है, लेकिन इंटरनेट की स्पीड को लेकर अच्छा काम करती है।

Wi-Fi-802.11n की बात करें तो यह वाईफाई की लेटेस्ट टेक्नोलॉजी है। यह टेक्नोलॉजी एक से ज्यादा वायरलेस सिग्नल और एंटेना का इस्तेमाल करती है। यह टेक्नोलॉजी 100 mbps bandwidth सपोर्ट के साथ आती है। इस टेक्नोलॉजी में सिग्नल इंटेनसिटी भी अच्छी मिलती है।

वाईफाई नेटवर्क को सेलेक्ट करने के लिए कौन-सी बातें जरूरी?

एक वाईफाई नेटवर्क सेलेक्ट करने के लिए स्पीड से लेकर कॉस्ट तक का ध्यान रखा जाना जरूरी है। फास्ट इंटरनेट के लिए वाईफाई की स्पीड मायने रखती है। हालांकि, स्पीड के साथ नेटवर्क की कॉस्ट का भी ध्यान रखा जाना चाहिए। फीचर्स और टाइप्स पर यह अलग-अलग हो सकती है।

इन दो फैक्टर के अलावा वाईफाई नेटवर्क को चुनते हुए सिक्योरिटी का ध्यान रखा जाना जरूरी है। यह नेटवर्क यूजर के डेटा को अनऑथराइज्ड एक्सेस से बचाए रखने में काम आता है।