नई दिल्ली, टेक डेस्क। टेलिकॉम रेग्यूलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) जल्द ही DTH और केबल टीवी सब्सक्राइबर्स के लिए अपना नेशनल टैरिफ ऑर्डर (NTO) 2.0 लागू कर सकती है। इसमें NTO 1.0 की तुलना में कई बड़े बदलाव किए जाएंगे। कई ऐसे यूजर्स हैं जिन्होंने अपना DTH और Cable TV रिचार्ज कराना ही बंद कर दिया है। इसके कई कारण हैं जैसे कस्टमर सपोर्ट, मासिक बिल्स में बढ़ोत्तरी आदि। ऐसे में NTO 2.0 में इस तरह की परेशानियों को खत्म किए जाने की बात कही जा रही है। नए ऑर्डर के तहत NCF स्लैब 200 चैनल्स, मल्टी टीवी NCF चार्ज 40 फीसद जैसे कई बदलाव किए जा सकते हैं। ऐसे में हम आपको यहां NTO 2.0 और NTO 1.0 के बीच क्या अंतर होगा इसकी जानकारी दे रहे हैं।

NTO 2.0 और NTO 1.0 में ये हो सकते हैं मुख्य अंतर:

समान कीमत में मिंलेंगे दोगुने चैनल: NTO 1.0 में सब्सक्राइबर्स को नेटवर्क कैपिसिटी फी (NCF) काफी ज्यादा लगी थी। इसके तहत यूजर्स को 130 रुपये में 100 चैनल्स दिए जा रहे हैं। यह कीमत टैक्स लगाकर 153 रुपये हो जाती है। वहीं, अगर NTO 2.0 की बात की जाए तो इसमें सब्सक्राइबर्स को 130 रुपये के बेस चार्ज में 200 चैनल्स उपलब्ध कराए जाएंगे। अगर ऐसा होता है तो यूजर्स को समान कीमत में दोगुने चैनल्स ऑफर किए जाएंगे। इससे असर यह होगा कि यूजर्स का मासिक सब्सक्रिप्शन शुल्क कम हो जाएगा।

Multi TV सर्विस के लिए देना होगा 40 फीसद शुल्क: अभी यह कहना मुश्किल है कि कितने लोग इस सर्विस का इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन यह कहा जा सकता है कि यह सर्विस कॉरपोरेट्स और होटल्स के लिए काफी फायदेमंद है। NTO 1.0 में TRAI, Multi TV कनेक्शन के लिए यूजर्स को NCF में कोई डिस्काउंट ऑफर नहीं कर रही थी। लेकिन Dish TV और D2h की बात करें तो उन्होंने यूजर्स को लुभाने और अपनी तरफ आकर्षित करने के लिए सेकेंडरी कनेक्शन 50 रुपये में देना शुरू किया। वहीं, Airtel Digital TV इसके लिए 80 रुपये का शुल्क ले रहा है। आपको बता दें कि यह NCF शुल्क है। हालांकि, Tata Sky यूजर्स को 130 रुपये ही NCF चार्ज देना पड़ता है। अब बात करते हैं NTO 2.0 की। इसके लागू होने के बाद यह समस्या ठीक होने के संकेत मिल रहे हैं। इसमें यूजर्स को Multi TV कनेक्शन के लिए 40 फीसद NCF शुल्क देना होगा। अगर ऐसा होता है तो यूजर्स को काफी फायदा होगा।

पेड चैनल्स की कीमत होगी कम: TRAI ने ब्रॉडकास्टर्स को किसी भी a-la-carte या इंडीविजुअल चैनल की कीमत को 12 रुपये से ज्यादा की अनुमति नहीं दी थी। ऐसे में ब्रॉडकास्टर्स को पैक में किसी चैनल को एड करने के लिए चैनल की कीमत को कम करना पड़ता था। ऐसे में NTO 2.0 के तहत चैनल पैक्स की कीमत को 80 फीसद तक डिस्काउंट के साथ उपलब्ध कराया जा सकता है। ऐसे में यूजर्स बिना इंडीविजुअल चैनल लिए पैक्स को ले पाएंगे। इससे उनका मासिक शुल्क भी कम हो जाएगा।

NTO 2.0 और NTO 1.0 के बीच उपरोक्त तीन मुख्य अंतर हैं। इन्हें 1 मार्च 2020 को लागू किया जाएगा।

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस