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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 30, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Deepak Significance And Rules: दीया जलाते समय इन बातों का रखें ध्यान, वरना शुरू हो जाएंगे बुरे दिन

By Vaishnavi DwivediEdited By: Vaishnavi Dwivedi
Published: Thu, 30 Nov 2023 12:17 PM (IST)Updated: Thu, 30 Nov 2023 02:27 PM (IST)

Deepak Significance And Rules धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अपने आराध्य की पूजा करते समय लोग दीपक जलाते हैं। साथ ही ...और पढ़ें

Deepak Significance And Rules: दीया जलाते समय इन बातों का रखें ध्यान
Deepak Significance And Rules: दीया जलाते समय इन बातों का रखें ध्यान

HighLights

  1. सनातन धर्म को आस्था का प्रतीक माना जाता है।
  2. दीपक प्रज्वलित करने की परंपरा बेहद पुरानी है।
  3. दीपक प्रज्वलित करने के बेहद फलदायी प्रभाव हैं।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली।Deepak Significance And Rules: सनातन धर्म को आस्था का प्रतीक माना जाता है। इस धर्म में रोजाना पूजा-पाठ, आरती, दीपक प्रज्वलित करने की परंपरा बेहद पुरानी है। इन अद्भूत अद्भुत परंपराओं के बेहद फलदायी प्रभाव हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अपने आराध्य की पूजा करते समय लोग दीपक जलाते हैं। साथ ही मुख्य द्वार पर मां लक्ष्मी का स्वागत करने के लिए भी लोग दीपक प्रज्वलित करते हैं।

लेकिन इस दौरान वो छोटी - छोटी ऐसी गलतियां करते हैं, जिसके नकारात्मक परिणाम भुगतने पड़ते हैं। तो चलिए दीपक जलाते समय किन बातों का ध्यान रखना इसके बारे में जानते हैं-

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मुख्य द्वार पर इस जगह दीपक जलाएं

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शाम के समय मुख्य द्वार पर दीपक प्रज्वलित करना बेहद शुभ माना गया है। लेकिन इसे सही जगह स्थापित करना बेहद जरूरी है। दरअसल, मुख्य द्वार पर दीपक दाईं ओर जलाना चाहिए, जो घर से निकलते समय दाहिनी तरफ हो। इस बात का खास ख्याल रखें कि दीपक का मुख पश्चिम दिशा में न हो।

घी या फिर तेल ?

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, दीपक जलाने के लिए गाय के घी या फिर सरसों और तिल के तेल का उपयोग करना चाहिए। हालांकि दीपक के लिए घी न हो, तो तेल का भी उपयोग किया जा सकता है।

दीपक का मुख इस ओर रखें

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, दीपक का मुख हमेशा पूर्व या फिर उत्तर दिशा में होना चाहिए। सनातन धर्म में इन दोनों ही दिशाओं को बेहद शुभ माना गया है। ऐसे में इस ओर दीया का मुख रखना बेहद कल्याणकारी होता है।

संध्याकाल में जलाएं दीपक

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मुख्य द्वार का दीया संध्याकाल में जलाना शुभ माना गया है। इसके साथ ही अगर घर पर तुलसी, केला और शमी का वृक्ष है, तो इनके समक्ष दीपक जलाना बिल्कुल न भूलें। इससे मां लक्ष्मी की कृपा आपके घर पर बनी रहती है।

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