नई दिल्ली, Papankusha Ekadashi 2022: अश्विन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को पापांकुशा एकादशी व्रत रखा जाएगा। बता दें कि शास्त्रों में भी इस व्रत को बहुत महत्वपूर्ण माना गया है। भगवान विष्णु को समर्पित पापांकुशा एकादशी के दिन व्रत करने से सभी तरह के पापों से मुक्ति मिल जाती है। इसके साथ ही सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। जानिए पापांकुशा एकादशी का शुभ मुहूर्त और महत्व।

पापांकुशा एकादशी 2022 मुहूर्त (Papankusha Ekadashi 2022 Muhurat)

ज्योतिष पंचांग के अनुसार अश्विन मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 5 अक्टूबर दोपहर 12:00 बजे से अगले दिन 6 अक्टूबर सुबह 09:40 तक रहेगी। उदया तिथि 6 अक्टूबर को होने के कारण व्रत भी इसी दिन रखा जाएगा। भगवान विष्णु के भक्त 6 अक्टूबर को व्रत और पूजा पाठ करें।

पापांकुशा एकादशी व्रत महत्व

शास्त्रों में बताया गया है कि पापांकुशा एकादशी व्रत रखने से व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है। इसके साथ वह जीवन में धन, ऐश्वर्य, सुख-समृद्धि और सौभाग्य की प्राप्ति करता है। भगवान विष्णु को समर्पित यह व्रत रखने से व्यक्ति के जीवन में आने वाली सभी समस्याएं दूर हो जाती हैं और उसके द्वारा किए गए सभी कार्य सिद्ध होते हैं।

एकादशी व्रत मंत्र (Ekadashi Vrat Mantra)

शान्ताकारं भुजंगशयनं पद्मनाभं सुरेशं

विश्वाधारं गगन सदृशं मेघवर्ण शुभांगम् ।

लक्ष्मीकांत कमलनयनं योगिभिर्ध्यानगम्यं

वन्दे विष्णु भवभयहरं सर्व लौकेक नाथम् ।।

यं ब्रह्मा वरुणैन्द्रु रुद्रमरुत: स्तुन्वानि दिव्यै स्तवैवेदे: ।

सांग पदक्रमोपनिषदै गार्यन्ति यं सामगा: ।।

ध्यानावस्थित तद्गतेन मनसा पश्यति यं योगिनो।

यस्यातं न विदु: सुरासुरगणा दैवाय तस्मै नम: ।।

डिसक्लेमर

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Edited By: Shantanoo Mishra

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