विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

परविंदर झोटा की हत्या की जांच करेगी CBI, मानसा पहुंचे अमित शाह ने किया एलान- 120 दिन में केस होगा हल

Published: Tue, 20 Oct 2026 04:26 PM (IST)

मानसा में परविंदर सिंह झोटा के परिवार से मिलने पहुंचे अमित शाह ने सीबीआई जांच की बात कही है। उन्होंने ...और पढ़ें

मानसा पहुंचे अमित शाह।

मानसा पहुंचे अमित शाह।

HighLights

  1. अमित शाह ने परविंदर झोटा के परिवार से मुलाकात की।

  2. हत्या की जांच सीबीआई को सौंपने का एलान किया।

  3. सीबीआई 120 दिनों में केस सुलझाने का वादा।

जागरण संवाददाता, मानसा। पंजाब दौरे के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मानसा में मारे गए परविंदर सिंह झोटा की मौत की जांच सीबीआई से होने की बात कही है। गुरदासपुर में विक्रमजीत सिंह और संगरूर में गुलजार सिंह के परिवार से मिलने के बाद वह मानसा पहुंचे थे। जहां परविंदर सिंह झोटा के पिता से 20 मिनट तक उनकी बातचीत हुई।

बातचीत के दौरान अमित शाह ने परिवार को बताया कि बुधवार को दोपहर 12 बजे तक सीबीआई की टीम परविंदर सिंह झोटा के घर पहुंच कर जांच शुरू करेगी और 120 दिनों में इस केस को हल कर दिया जाएगा। परिवार के साथ अमित शाह ने 20 मिनट तक बातचीत की। इस दौरान उनके साथ केवल ढिल्लों, सुनील जाखड़, मनप्रीत बादल के अलावा अन्य नेता मौजूद थे।

यह भी पढ़ें- अमित शाह का पंजाब दौरा LIVE: परविंदर सिंह के घर में गृह मंत्री का एलान, बुधवार को मानसा पहुंचेगी CBI की टीम

amit shah mansa

मानसा में परविंदर सिंह के परिवार से मुलाकात करते हुए अमित शाह।

सीएम मान ने सीबीआई को जांच देने की कही थी बात 

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पंजाब दौरे से ठीक पहले मुख्यमंत्री भगवंत मान ने नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआइ) को सौंपने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री ने मंगलवार को इंटरनेट मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर यह जानकारी दी। झोटा के परिवार और प्रदर्शनकारी लगातार इस मामले की केंद्रीय एजेंसी से जांच कराने की मांग कर रहे थे। 

यह भी पढ़ें- 'तीन महीने के अंदर मिलेगा इंसाफ..', पंजाब में गुलजार सिंह के घर पहुंचे अमित शाह; ध्यान से सुनीं परिवार की बातें

मेडिकल स्टोर में गोली मारकर की गई थी हत्या

मानसा में 13 अक्टूबर को परविंदर सिंह झोटा की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। झोटा नशे के खिलाफ आवाज उठाते थे और मेडिकल स्टोरों पर नशीली दवाओं की कथित अवैध बिक्री का विरोध कर रहे थे। 

रिपोर्टों के अनुसार, एक मेडिकल स्टोर पर नशीली दवाओं की बिक्री को लेकर हुए विवाद के दौरान उन पर गोली चलाई गई थी। पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपित मेडिकल स्टोर संचालक अश्विनी कुमार को राजस्थान के सालासर से गिरफ्तार किया था। घटना के बाद झोटा के स्वजन और समर्थकों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया था।

अंतिम संस्कार नहीं करने पर अड़ा था परिवार

झोटा के परिवार और समर्थकों ने सीबीआई जांच की मांग पूरी होने तक अंतिम संस्कार नहीं करने का फैसला लिया था। इस मामले में न्याय की मांग को लेकर मानसा में धरना जारी रहा।

प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री भगवंत मान और पुलिस महानिदेशक गौरव यादव के इस्तीफे सहित पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी उठाई। पंजाब सरकार ने परिवार और प्रदर्शनकारियों से बातचीत के लिए तीन महिला आईएएस अधिकारियों की समिति बनाई थी, लेकिन शुरुआती बातचीत में गतिरोध दूर नहीं हो पाया था।

यह भी पढ़ें- अमित शाह के पंजाब दौरे पर भड़के बलकौर सिंह, मानसा में बोले- राजनीति में आने का दिया था ऑफर, ठुकरा दिया