विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 11, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Punjab Power Crisis: पंजाब में बिजली संकट बरकरार, आधी क्षमता पर चले थर्मल प्लांट; 4 घंटे तक लग रहे कट

By Vipin KumarEdited By:
Published: Mon, 11 Oct 2021 08:27 AM (IST)Updated: Mon, 11 Oct 2021 04:37 PM (IST)

Punjab Power Crisis पंजाब में बिजली संकट दूसरे दिन भी जारी रहा। कई जिलाें में 5-6 घंटे के बिजली कट ...और पढ़ें

पावरकाम के प्लांटों में पहुंचे 11 रैक कोयले से मिली थोड़ी राहत। (सांकेतिक तस्वीर)
पावरकाम के प्लांटों में पहुंचे 11 रैक कोयले से मिली थोड़ी राहत। (सांकेतिक तस्वीर)

जागरण संवाददाता, पटियाला। Punjab Power Crisis: कोयले की कमी के कारण राज्य में दूसरे दिन भी थर्मल प्लांट आधी क्षमता पर ही चल पाए। कम उत्पादन के कारण बिजली की मांग को पूरा करने के लिए पंजाब स्टेट पावर कारपोरेशन लिमिटेड (पावरकाम) ने भले ही अन्य कंपनियों से बिजली की खरीद की, परंतु इसके बावजूद विभिन्न जिलों में लोगों को दो से चार घंटे तक बिजली कटों का सामना करना पड़ा। यह सिलसिला अभी बुधवार तक जारी रह सकता है।

पावरकाम ने लोगों से जरूरत के अनुसार बिजली इस्तेमाल करने की अपील फिर से दोहराई है। ताजा हालात यह हैं कि राज्य के निजी थर्मल प्लांटों में अब केवल डेढ़ दिन बिजली उत्पादन करने के लिए ही कोयला स्टाक में हैं। वहीं पावरकाम को उम्मीद थी कि उसके अपने थर्मल प्लांटों में शनिवार देर रात कोयले के 22 रैक पहुंच जाएंगे लेकिन 11 रैक कोयला ही पहुंच सका। अब इन प्लांटों में 4 दिन बिजली उत्पादन लायक स्टाक है लेकिन यह अपर्याप्त है। पावरकाम अधिकारी बताते हैं कि देरी से लगाए गए धान की फसल के लिए कृषि क्षेत्र में अब भी बिजली की मांग बरकरार है।

रविवार को 15 में से 10 यूनिट ही चल पाए

पावरकाम के रोपड़ और लहरा मोहब्बत थर्मल प्लांटों के आठ यूनिटों में से पांच और निजी क्षेत्र के राजपुरा, तलवंडी साबो और गोइंदवाल साहिब थर्मल प्लांटों के कुल सात यूनिटों में से पांच यूनिट ही रविवार को चल पाए। इससे पंजाब को कुल 3206 मेगावाट बिजली हासिल हुई। इसके आलाव मुकेरियां हाइडल प्रोजेक्ट से 197 मेगावाट और शानन प्रोजेक्ट से 103 मेगावाट बिजली मिली। 8500 मेगावाट बिजली की मांग के मुकाबले यह उत्पादन कम था और कमी पूरी करने के लिए पावरकाम ने अन्य कंपनियों से 1800 मेगावाट बिजली 11.60 रुपये प्रति यूनिट की दर से खरीदी।

15 अक्टूबर के बाद कोयले की सप्लाई हाेगी सामान्यः पावरकाम चेयरमै

कोयला सप्लाई में तेजी लाने के लिए मुख्यमंत्री ने केंद्र के समक्ष मुद्दा उठाया है। स्थिति सुधर रही है और उम्मीद है कि 15 अक्टूबर के बाद कोयले की सप्लाई सामान्य हो जाएगी। लोगों से अपील है कि अभी जरूरत के अनुसार ही बिजली का इस्तेमाल करें। - ए. वेणु प्रसाद, चेयरमैन कम मैनेजिंग डायरेक्टर, पावरकाम।