जागरण संवाददाता, लुधियाना। केंद्रीय कौशल विकास और उद्यमशीलता मंत्रालय व पंजाब सरकार ने लुधियाना के दोराहा में अंतरराष्ट्रीय स्तर का ड्राइविंग ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट खोलने का फैसला लिया है। इस प्रोजेक्ट को लेकर केंद्रीय मंत्रालय से डिप्टी डायरेक्टर जनरल संध्या सलवान और पंजाब सरकार के तकनीकी शिक्षा एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग डायरेक्टर डीपीएस खरबंदा ने मंगलवार को आइटीआइ कालेज में कारोबारियों के साथ बैठक की। बैठक में कारोबारियों ने भी अपनी राय देते हुए कहा कि यह प्रोजेक्ट पंजाब के लिए बहुत जरूरी है।

डायरेक्टर डीपीएस खरबंदा ने बताया कि यह इंस्टीट्यूट दोराहा के पास 27 एकड़ जमीन पर स्थापित किया जाएगा। हालांकि पूर्व सीएम बेअंत सिंह की सरकार के समय इस जमीन का किसी अन्य प्रोजेक्ट के लिए अधिग्रहण किया गया था। इस पर 32.86 करोड़ रुपये की लागत आएगी। यहां पर हर साल 3600 युवाओं को लाइट ट्रांसपोर्ट व्हीकल, हैवी ट्रांसपोर्ट व्हीकल, भारी उपकरण के संचालन की ट्रेनिंग दी जाएगी।

दसवीं पास युवाओं को पूरी ट्रेनिंग

जिन युवाओं ने दसवीं पास की है, उन्हें यहां पर ट्रेनिंग दी जाएगी। इस संस्थान में ट्रेनिंग लेने वाले युवाओं को अंतरराष्ट्रीय लाइसेंस लेने में काफी आसानी होगी। साथ ही चालकों को बेहतर प्रशिक्षण मिलने से सड़क हादसों में भी कमी आएगी, क्योंकि एक अच्छे ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट से शिक्षा लेने के बाद लोग नियमों के अनुसार वाहनों को चलाएंगे।

बैठक में चैंबर आफ इंडस्ट्री एंड कामर्स अंडरटेकिंग्स (सीआइसीयू) के प्रधान उपकार सिंह आहूजा, प्रिंसिपल डा. बलजिंदर सिंह, एसएमएल इस्जू लिमिटेड, एक्सकारट्स कंट्रक्शन इक्यूपमेंट लिमिटेड, एलएंडटी, भारत बैज, टाटा इंडस्ट्रीज लिमिटेड, ईएससीयू, अशोका लेलैंड, शिवांश इंडस्ट्री, जेसीबीएल इंडिया, जेसीबी पाट्स निर्माता, अर्थ मूविंग उपकरण, एक्सेवेटर पार्ट्स निर्माता व पाइनियर क्रेनज सहित कई कंपनियों को प्रतिनिधि मौजूद थे।

रोजगार में भी होगा सहायक

संस्थान में ट्रेनिंग लेने वाले युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग दी जाएगी। इसमें टैक्सी ड्राइवर, कामर्शियल वाहन ड्राइवर, फोरकलिफ्ट आपरेटर, एंबुलेंस ड्राइवर, आटो-ई रिक्शा ड्राइवर शामिल होंगे। इससे स्थानीय स्तर पर भी ट्रेंड ड्राइवर की मांग को पूरा किया जा सकेगा। इसके अलावा यहां जूनियर बैकहो लोडर आपरेटर, जूनियर एक्सेवेटर आपरेटर, जूनियर इंजन मैकेनिक की भी ट्रेनिंग होगी। इन लोगों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहुत मांग है। यहां से ट्रेनिंग लेने के बाद इन्हें रोजगार में भी सहायता मिलेगी।

इन सुविधाओं से लैस होगा इंस्टीट्यूट

इंस्टीट्यूट में शानदार क्लास रूम, अध्यापन स्टाफ, टेस्टिंग उपकरण, ट्रेनिंग वाहन, वर्कशाप. एक लैब, एक लाइब्रेरी इंटरन, ट्रैक एंव ड्राइविंग रेंज,सिमुलेटर व कंट्रोल रूम की सुविधा होगी।

Edited By: Pankaj Dwivedi

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट