लुधियाना, [मुनीश शर्मा]। शहर की सिटी बसें जहां कबाड़ हो रही है, वहीं इंडस्ट्री के पास ग्रामीण इलाकों से लेबर आने के लिए तैयार है। हालांकि पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन का साधन नहीं होने से वह कारखानों में नौकरी के लिए नहीं पहुंच पा रहे। ऐसे में कारोबारी लंबे अर्से से प्रदेश सरकार के समक्ष इंडस्ट्रियल इलाकों में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन का सिस्टम चलाए जाने की मांग कर रहे है।

इसको लेकर उद्यमियों का प्रतिनिधिमंडल शीघ्र ही पंजाब के ट्रांसपोर्ट मंत्री अमरिंदर सिंह राजा वडिंग से मिलने की योजना बना रहा है और इस मुद्दों को लेकर मुख्यमंत्री चन्नी से भी वार्ता की जाएगी और इंडस्ट्रीयल इलाकों में पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन के सिस्टम को दुरुस्त करने की मांग करेंगे। ताकि पंजाब के ग्रामीण युवाओं को इंडस्ट्री में रोजगार देने के साथ साथ इंडस्ट्री की लेबर शार्टेज की डिमांड को समाप्त किया जा सके।

लुधियाना की ही बात करें, तो इस समय आठ लाख से अधिक श्रमिक कार्यरत है और इनको आने जाने में भारी परेशानी होती है। चेंबर आफ इंडस्ट्रियल एवं कमर्शियल अंडरटेकिंग (सीआइसीयू) के प्रधान उपकार सिंह आहुजा ने कहा कि इंडस्ट्री की लंबे समय से मांग है कि ग्रामीण इलाकों से सुबह और शाम के लिए इंडस्ट्रीयल इलाकों तक पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन का सिस्टम दुरुस्त किया जाए। इससे हमारी लेबर कमी की डिमांड पूरी होगी और युवाओं को रोजगार मिल पाएगा। कई रोजगार मेलों से जिन युवाओं को इंडस्ट्री सिलेक्ट करती है, वे कुछ दिन आकर ट्रांसपोर्टेशन न होने के चलते काम छोड़ जाते हैं। ऐसे में रोजगार मेलों के जरिए युवाओं को काम देकर भी उनको लाभ नहीं मिल पाता।

फेडरेशन आफ इंडस्ट्रीयव एवं कमर्शियल आर्गनाइजेशन (फीको) के प्रधान गुरमीत सिंह कुलार ने कहा कि इस समय इंडस्ट्री को लेबर की अहम आवश्यकता है। सभी राज्यों की ओर से लेबर को सहुलतें देने के लिए काम किया जा रहा है। इसको लेकर सरकार को पहल करनी चाहिए और ट्रांसपोर्टेशन मुहैया करवाकर लेबर को राहत देनी चाहिए।

Edited By: Vipin Kumar