यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 02, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
ट्रैक चेक करते समय करंट लगने से रेल कर्मचारी की मौत, 2003 में रेलवे में शुरू की थी नौकरी
जालंधर सिटी स्टेशन पर बारिश के कारण ट्रैक पर पानी भरने से एक दुखद घटना घटी। सिग्नल विभाग के संतोष ...और पढ़ें

अंकित शर्मा, जालंधर। सिटी स्टेशन पर सोमवार सुबह चार बजे वर्षा की वजह से ढाई से तीन फीट तक पानी था और रेल ट्रैक के साथ-साथ सभी कांटें भी पानी में डूबे हुए थे। तभी एक बड़ी लापरवाही हुई, जिसने सिग्नल विभाग के संतोष कुमार की मौत हो गई। 25 हजार वोल्टेज का करंट लगने से उनकी मौत हुई। जबकि उसका साथी शंटर जगदेव को करंट का हल्का सा झटका लगा तो उसने तुरंत ट्रैक से बाहर छलांग लगा दी।
घायल को निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। घटना की पता चलते ही सभी अधिकारियों के होश उड़ गए, क्योंकि ऐसा पहला मामला आया था, जब रेल ट्रैक के ऊपर से गुजरने वाली ओवरहेड लाइन के कनेक्शन की वजह से ट्रैक पर करंट आया, क्योंकि इसी पावर सप्लाई के जरिये ही रेल ट्रैक पर दौड़ती है। घटना के बाद पावर सप्लाई बंद कर रेलगाड़ियों का परिचालन रोक दिया गया।
जानकारी के अनुसार संतोष और जगदेव दोनों यार्ड में ट्रैक चेक कर रहे थे। वह प्लेटफार्म नंबर 2-3 लुधियाना एंड पर यार्ड में चल रहे थे। जब यह घटना हुई तभी कुछ ही दूरी पर काम कर रहे अन्य कर्मचारी भी पहुंच गए। जो दोनों को उठाकर ट्रैक पर ले आए। इस बीच संतोष को साथी कर्मचारियों ने सीपीआर भी दी, पर उसकी मौत हो चुकी थी जबकि जगदेव को एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया।
44 वर्षीय मृतक संतोष कुमार निवासी ब्यास पिंड ने 2003 में रेलवे में नौकरी शुरू की थी और खोजेवाल में डयूटी पर था। कुछ दिन पहले ही उसे जालंधर पर ड्यूटी पर लगाया था। घटना के बाद से ही सारे रेलवे के आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए और तुरंत पावर सप्लाई को बंद किया।
