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LPU में बवाल के बाद छात्राओं में भारी खौफ, बोलीं- 'परिसर में खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहीं'

Published: Mon, 28 Sep 2026 04:57 PM (IST)

LPU में हिंसक घटना के बाद छात्रों ने दावा किया है कि हाल ही में हुई हिंसा और कैंपस में ...और पढ़ें

LPU में दस दिन की छुटि्टयां घोषित होने के बाद घर रवाना होते हुए छात्र-छात्राएं।

LPU में दस दिन की छुटि्टयां घोषित होने के बाद घर रवाना होते हुए छात्र-छात्राएं।

HighLights

  1. LPU में हिंसक अशांति के बाद 10 दिन के लिए कक्षाएं स्थगित।

  2. छात्राएं बाहरी तत्वों की घुसपैठ से खुद को असुरक्षित महसूस कर रहीं।

  3. पुलिस ने 5 बाहरी लोगों को गिरफ्तार किया, 2000 पुलिसकर्मी तैनात।

डिजिटल डेस्क, जालंधर। पंजाब के फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में रविवार को हुई हिंसक अशांति के बाद माहौल बेहद तनावपूर्ण बना हुआ है। स्थिति को बिगड़ता देख विश्वविद्यालय प्रशासन ने अगले 10 दिनों के लिए सभी कक्षाओं को स्थगित कर दिया है। इस फैसले के बाद सोमवार सुबह से ही सैकड़ों विद्यार्थियों ने हॉस्टल और परिसर छोड़ना शुरू कर दिया है।

रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड की ओर जाने के लिए छात्र अपने सामान के साथ ऑटो और अन्य स्थानीय वाहनों में सवार होते देखे गए। यह पूरा मामला रविवार तड़के उस समय शुरू हुआ, जब परिसर में एक छात्रा के साथ किसी बाहरी व्यक्ति द्वारा कथित यौन उत्पीड़न किए जाने की अफवाहें तेजी से फैलीं। देखते ही देखते छात्र सड़कों पर उतर आए और प्रदर्शन हिंसक हो गया।

उपद्रवियों ने विश्वविद्यालय की संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया, पास की दुकानों में तोड़फोड़ की और वाहनों को आग के हवाले कर दिया। इतना ही नहीं, उग्र भीड़ ने राष्ट्रीय राजमार्ग को भी पूरी तरह जाम कर दिया। हालांकि, विश्वविद्यालय प्रशासन ने यौन उत्पीड़न के सभी दावों को सिरे से खारिज करते हुए इन्हें पूरी तरह निराधार और मनगढ़ंत अफवाह बताया है।

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बाहरी लोगों की घुसपैठ से डरे

परिसर छोड़कर घर लौट रहे छात्र-छात्राओं का कहना है कि वे रविवार की हिंसा से ज्यादा हॉस्टल में बाहरी लोगों की घुसपैठ से डरे हुए हैं। पूर्वोत्तर भारत से आकर पढ़ाई कर रही एक छात्रा ने बताया कि कल की घटना के बाद वह खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है

। उसे अपने साथियों से खतरा नहीं है, बल्कि अशांति का फायदा उठाकर अंदर घुसने वाले बाहरी असामाजिक तत्वों से डर लग रहा है। कई अन्य छात्रों ने भी सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए मांग की है कि बाहरी तत्वों का प्रवेश पूरी तरह रोका जाए।

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पुलिस ने बाहरी लोगों से वॉकी-टॉकी बरामद किया

शनिवार रात व रविवार शाम घटना के बाद पुलिस ने कार्रवाई की। रविवार शाम पुलिस ने 5 बाहरी लोगों को गिरफ्तार किया। उनसे पुलिस ने तेजधार हथियार और वॉकी-टॉकी भी बरामद किए। अब विश्वविद्यालय परिसर और उसके आसपास 2,000 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। छात्रों और अभिभावकों का भरोसा जीतने के लिए पुलिस बल ने परिसर में फ्लैग मार्च भी निकाला।

सामान्य हो रहे हैं हालात

जालंधर के पुलिस आयुक्त सतिंदर सिंह ने बताया कि गड़बड़ी की खबरों के बाद पुलिस ने हॉस्टल परिसरों की जांच की, जहां स्थिति पूरी तरह सामान्य मिली। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही फिर से शुरू हो चुकी है। बाकी बचे मुद्दों को छात्रों के साथ बातचीत कर सुलझाया जाएगा। पुलिस कमिश्नर  ने अभिभावकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान न दें और घबराएं नहीं।

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