कर्मचारियों की कमी से जूझ रहा स्वास्थ्य विभाग
एक तरफ पंजाब सरकार लोगों को हाइटेक सुविधाएं देने के लिए अस्पताल में होने वाली परेशानी से निजात दिलाने के लिए मोहल्ला क्लीनिक खोलने में जुटी हुई है। वहीं दूसरी तरफ सरकारी अस्पतालों में न तो पूरा स्टाफ है और ही स्पेशलिस्ट डाक्टर। अस्पतालों में आधे-अधूरे कर्मचारियों से काम चलाया जा रहा है।
नीरज शर्मा, होशियारपुर : एक तरफ पंजाब सरकार लोगों को हाइटेक सुविधाएं देने के लिए अस्पताल में होने वाली परेशानी से निजात दिलाने के लिए मोहल्ला क्लीनिक खोलने में जुटी हुई है। वहीं दूसरी तरफ सरकारी अस्पतालों में न तो पूरा स्टाफ है और ही स्पेशलिस्ट डाक्टर। अस्पतालों में आधे-अधूरे कर्मचारियों से काम चलाया जा रहा है। ऐसे में सवाल यह है कि यदि अस्पतालों में ही स्टाफ पूरा नहीं है तो फिर मोहल्ला क्लीनिकों में स्टाफ का प्रबंध कहां से किया जाएगा। राज्य सरकार के दावों की पोल स्वास्थ्य विभाग में खाली पड़ी पदों से ही खुल जाती है। विभाग में बहुत सारी महत्वपूर्ण पदें रिक्त हैं। हालाकि स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि मोहल्ला क्लीनिकों में कोई भी कमी नहीं आने दी जाएगी। इन क्लीनिकों में स्टाफ भी अलग से भर्ती करने की प्रकिया जारी है। वहीं स्वास्थ्य विभाग में पद खाली होने से समय पर काम नहीं हो पाता और लोग भी परेशान होते हैं। इसके अलावा साथी कर्मचारियों पर भी अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। जिले में खोली जा रही हैं आठ मोहल्ला क्लीनिक
जानकारी अनुसार जिले में आठ मोहल्ला क्लीनिक खोली जा रही हैं। जिसमें चार होशियारपुर शहर में व बाकी अन्य इलाकों में। शहर में यदि बात की जाए तो एक क्लीनिक नलोइयां चौक में, दूसरी ड्रेनेज विभाग भंगी चोअ के पास, तीसरी फायर ब्रिगेड दफ्तर के पास व चौथी बहादुर मोहल्ला में ऊना रोड पर स्थित पार्क में खोली जा रही है। वहीं बुड्डाबढ़ में हरसाकलोता व शारकोवाल, टांडा के गांव अहियापुर में व गढ़शंकर ब्लाक में बसियाला में क्लीनिक खोली जा रही है। इस संबंधी जानकारी देते हुए सहायक सिविल सर्जन डा. पवन कुमार ने बताया कि यह क्लीनिक आबादी के हिसाब से खोली जा रही हैं। स्टाफ के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि हर क्लीनिक में चार कर्मचारी होंगे। जिसमें एक डाक्टर व तीन अन्य पदों पर रखे जाएंगे। इधर, स्वास्थ्य विभाग में स्टाफ की कमी बरकरार
मोहल्ला क्लीनिकों से हटकर यदि बात स्वास्थ्य विभाग की करें तो स्टाफ के मामले में हालात बद से बदतर हैं। चूंकि कर्मचारियों के रिटायरमेंट होने के बाद सरकार द्वारा नई नियुक्तियां करना मुनासिब नहीं समझा जाता। पड़ताल करने पर मालूम पड़ा है कि विभाग में स्वीकृत पदें भी कई साल पहले की हैं। आबादी बढ़ने के साथ विभाग में काम भी बढ़ा है, लेकिन समय के हिसाब से स्वीकृत पदों में इजाफा नहीं किया गया और पुरानी पदें भी रिक्त पड़ी हैं। हालात यह हैं कि हर साल रिटायरमेंट होने से पदें खाली हो जाती हैं। उनकी जगह पर नई नियुक्तियां नहीं होती। स्वीकृत, भरी और खाली पदों का ब्योरा पद-स्वीकृत पोस्टें-भरी पोस्टें-खाली पोस्टें -नर्सिंग स्टाफ-22-14-08 -स्टाफ नर्स-234-185-49 -फार्मेसी अफसर-85-69-16 -सीनियर फार्मेसी अफसर 13-06-07 -चीफ फार्मेसी अफसर 02-00-02 -एलएचवी 57-57-00 -एएनएम 261-166-95 -ड्राइवर 33-16-17 -क्लर्क 56-28-28 -सीनियर सहायक 16-13-03 -सहायक मलेरिया अफसर 04-03-01 -मल्टीपर्पस हेल्थ वर्कर 10-09-01 -मल्टीपर्पस हेल्थ सुपरवाइजर 05-05-00 -फील्ड स्टाफ एंटी लारवा 30-03-27 -स्वास्थ्य सहायक 15-03-12 - स्पेशलिस्ट - 137 - 82 -55 - मेडिकल डाक्टर - 118 - 93 - 25
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रिटायरमेंट बिगाड़ रही हैं कर्मचारियों का आंकड़ा
खाली पदों के सहारे चलने वाले स्वास्थ्य विभाग में काम करने वाले कर्मचारी परेशान हो रहे हैं, क्योंकि उन्हें एक साथ कई-कई सीटों का काम संभालना पड़ता है, वहीं आमजन भी दिक्कत में है। चाहे सुविधा केंद्रों के कारण काम बंटा है, लेकिन फिर भी जो काम अंदर से होना है वहां पर यदि कर्मचारी नहीं होगा तो काम करेगा कौन? यह कहना गलत नहीं है कि स्वास्थ्य विभाग भगवान भरोसे चल रहा है। वहीं सरकार का हर दो-चार माह के बाद दावा होता है कि जल्द ही इन पदों को भरा जाएगा, लेकिन भरने के बजाय रिटायरमेंट के बाद पदें और भी खाली हो जाती हैं। समय समय पर दी जाती है हाइ कमान को जानकारी : डा. पवन कुमार
स्वास्थ्य विभाग में रिक्त पड़े पदों के बारे में व मोहल्ला क्लीनिकों में कैसे होगा स्टाफ का प्रबंध के बारे में पूछे जाने पर डा. पवन कुमार ने बताया कि रिक्त पड़े स्टाफ के बारे में समय-समय पर आला कमान को जानकारी दी जाती है। वहीं मोहल्ला क्लीनिकों में जो स्टाफ रखा जाना है उसकी भर्ती प्रकिया चल रही है। आनलाइन फार्म जारी किए गए थे। लगभग सारे कर्मचारी रखे जा चुके हैं। हर क्लीनिक में डाक्टर सहित चार लोगों का स्टाफ होगा। क्लीनिक में सरकारी अस्पातल की तर्ज पर ही ओपीडी होगी। सुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक लोग इसका लाभ ले सकेंगे।
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