कैप्टन अमरिंदर सिंह की कांग्रेस में वापसी की चर्चाओं पर बोले सचिन पायलट, कहा- हाईकमान से नहीं हुई कोई बातचीत
सचिन पायलट ने कहा कि कैप्टन अमरिंदर सिंह की कांग्रेस में वापसी पर हाईकमान से फिलहाल कोई बातचीत नहीं हुई। ...और पढ़ें

पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और राज्य कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट।
HighLights
कैप्टन अमरिंदर सिंह की कांग्रेस वापसी पर पायलट ने कहा, कोई बात नहीं।
पंजाब में नशे की समस्या और विकास कांग्रेस के मुख्य चुनावी मुद्दे।
पायलट ने आगामी चुनाव में कांग्रेस-आप के बीच मुख्य मुकाबले का दावा किया।
डाॅ. सुमित सिंह श्योराण, चंडीगढ़। पंजाब पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा भाजपा नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह के पिछले कुछ समय से कांग्रेस में वापसी की चर्चा है। लेकिन फिलहाल इस पर संस्पेंस भी बरकरार है। पंजाब कांग्रेस के नए प्रधान सचिन पायलट ने कैप्टन को लेकर बड़ी बात कही है। पायलट ने कहा कैप्टन को लेकर उनकी हाईकमान से कोई बातचीत नहीं हुई है। ऐसे में इस बारे में वह कुछ नहीं कह सकते।
पंजाब दौरे से पहले सचिन पायलट अपनी तैयारी में जुटे हैं। पंजाब कांग्रेस के प्रभारी सचिन पायलट ने कहा है कि कांग्रेस आगामी विधानसभा चुनाव पूरी ताकत और मजबूती के साथ लड़ेगी। पार्टी का मुख्य मुद्दा पंजाब में नशे को खत्म करना, विकास और युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए योजनाएं तैयार करना होगा।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस का लक्ष्य पंजाब को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करना है। बातचीत में पायलट ने नशे की समस्या को पंजाब के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश की आम आदमी पार्टी सरकार नशे के खिलाफ कार्रवाई करने में पूरी तरह विफल रही है।
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केंद्र नशे की आपूर्ती रोकने में विफल
वहीं, केंद्र की भाजपा सरकार भी पंजाब में बाहर से आने वाले नशे की आपूर्ति को रोकने में असफल रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पंजाब के विकास के अपने पुराने रिकार्ड और युवाओं के बेहतर भविष्य के संकल्प के साथ जनता के बीच जाएगी। भाजपा के पंजाब प्रभारी सतीश पूनिया की ओर से अकाली दल के साथ संभावित गठबंधन को लेकर कांग्रेस पर की गई टिप्पणी पर पायलट ने पलटवार किया।
उन्होंने कहा कि भाजपा को यह बताना चाहिए कि जिन लोगों को वह पहले गालियां देती थी और जिन्हें उसने किनारे कर दिया था, आज उसी शरण में वापस क्यों जाना पड़ रहा है।
प्रकाश सिंह बादल के बाद अकाली दल टूटा
अकाली दल को लेकर पायलट ने कहा कि यह पार्टी अब वह नहीं रही जो प्रकाश सिंह बादल के समय हुआ करती थी। पार्टी में कई टूट हुई हैं और अलग-अलग दल बन चुके हैं। उन्होंने कहा कि अकाली दल और भाजपा जमीन तलाशने के लिए एक-दूसरे का साथ लेने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, जब दोनों दलों का गठबंधन था, तब भी उन्हें पंजाब में बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा था।
पायलट ने दावा किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में मुख्य मुकाबला कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के बीच होगा। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के परिणाम इसका संकेत दे चुके हैं।
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बिखर रही आप
आप पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी बिखर गई है और उसके राज्यसभा के अधिकतर सांसद भाजपा के साथ चले गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के पास विपक्षी दलों को तोड़ने के अलावा कोई मुद्दा नहीं है और सांसदों को तोड़कर किसी तरह परिसीमन से जुड़े कानून को आगे बढ़ाना उसका प्रयास है।
पायलट ने कहा कि पंजाब के लोग राजनीतिक रूप से जागरूक हैं और कांग्रेस का संगठन पूरी मजबूती के साथ चुनाव लड़कर जीत हासिल करेगा।
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