AAP की पहली लिस्ट के बाद पंजाब में सियासी हलचल तेज, कलह खत्म करने में जुटी कांग्रेस; SAD-BJP के गठबंधन पर सस्पेंस
पंजाब विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियां तेज हो गई हैं, जिसमें आम आदमी पार्टी ने 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की है।

राजा वड़िंग, भगवंत मान और सुखबीर सिंह बादल (फाइल फोटो)
HighLights
आप ने 2027 चुनाव के लिए 40 उम्मीदवार घोषित किए
कांग्रेस गुटबाजी खत्म कर एकजुटता का संदेश दे रही
अकाली-भाजपा गठबंधन पर अभी भी सस्पेंस बरकरार
रोहित कुमार, चंडीगढ़। पंजाब विधानसभा चुनाव में अभी कई महीने बाकी हैं, लेकिन राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। उम्मीदवारों की घोषणा, संगठन को मजबूत करने और संभावित गठबंधनों को लेकर गतिविधियां बढ़ रही हैं।
आम आदमी पार्टी ने 2027 के चुनाव के लिए 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर अभियान की शुरुआत कर दी है। कांग्रेस बैठकों के जरिए नेताओं को एकजुट करने में जुटी है, जबकि शिरोमणि अकाली दल कुछ सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर चुका है।
भाजपा और अकाली दल के बीच गठबंधन को लेकर चर्चा जारी है, हालांकि दोनों दलों के सार्वजनिक रुख में अंतर दिख रहा है। अकाली दल (पुनर सुरजीत) और अकाली दल (वारिस पंजाब दे) भी अपनी राजनीतिक जमीन तैयार कर रहे हैं।
आम आदमी पार्टी ने 31 अक्टूबर को जारी पहली सूची में मालवा, माझा और दोआबा तीनों क्षेत्रों को प्रतिनिधित्व दिया गया आप ने 2017 के विधानसभा चुनाव में भी सबसे पहले उम्मीदवारों की सूची जारी की थी। 2022 में यह सूची सबसे पहले जारी की थी।
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परगट सिंह की नियुक्ति के बाद सभी को एक मंच पर लाने की कोशिश
कांग्रेस फिलहाल उम्मीदवारों की सूची के बजाय संगठन और चुनावी रणनीति पर ध्यान दे रही है। प्रदेश अध्यक्ष परगट सिंह की नियुक्ति के बाद वरिष्ठ नेताओं को एक मंच पर लाने की कोशिश तेज हुई है।
26 अक्टूबर को पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल और पंजाब प्रभारी सचिन पायलट ने प्रदेश के नेताओं के साथ संगठन और चुनावी तैयारियों पर चर्चा की।
31 अक्टूबर को दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी की मौजूदगी में पंजाब के वरिष्ठ नेताओं की बैठक हुई। पार्टी गुटबाजी और मतभेद कम कर एकजुटता का संदेश देना चाहती है। चार नवंबर को संगरूर में प्रस्तावित राहुल धी की रैली से चुनावी गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है। उम्मीदवारों के चयन पर विचार-विमर्श जारी है।
गठबंधन पर नजर, पंथक दल भी सक्रिय
शिरोमणि अकाली दल कुछ सीटों पर रैलियों के दौरान उम्मीदवार घोषित कर चुका है। पार्टी घर-घर संपर्क अभियान और प्रदेशव्यापी बस यात्रा की तैयारी कर रही है। चुनावी घोषणापत्र नवंबर मध्य तक और आठ दिसंबर को मोगा के किल्ली चहलां में बड़ी रैली करने की तैयारी में है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद भाजपा और अकाली दल के संभावित गठबंधन की चर्चाओं को बल मिला। भाजपा सभी 117 सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी का संकेत दे रही है।
सुखबीर सिंह बादल अकेले चुनाव लड़ने की बात कह चुके हैं, लेकिन समान विचारधारा वाले दलों से गठबंधन की संभावना पूरी तरह खारिज नहीं की है।
ज्ञानी हरप्रीत सिंह के नेतृत्व वाला अकाली दल (पुनर सुरजीत) अलग पहचान बनाने और पंथक संगठनों से तालमेल की संभावनाएं तलाश रहा है।
अमृतपाल सिंह के समर्थकों की ओर से गठित अकाली दल (वारिस पंजाब दे) भी चुनावी गतिविधियां बढ़ा रहा है। आने वाले दिनों में उम्मीदवारों की अगली सूचियों, कांग्रेस की रणनीति और भाजपा-अकाली दल के फैसलों पर नजर रहेगी।
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