जागरण संवाददाता, मोहाली। मंगलवार को विपक्ष के हंगामे के बीच मोहाली नगर निगम की बैठक में सभी 8 प्रस्ताव सर्वसम्मति से पास कर दिए गए। इसी के साथ मोहाली को खुद की प्राइवेस बस सेवा मिल गई है। रेहड़ी फड़ी वालों के लिए अपीलेट अथॉरिटी का गठन कर दिया गया है। इसका नेतृत्व नगर निगम कमिश्नर करेंगे। अगर किसी की गलत तरीके से रेहड़ी-फड़ी उठाई जाती है तो मालिक अथॉरिटी के पास शिकायत कर सकता है। मेयर अमरजीत सिंह जीती सिद्धू की अध्यक्षता में हुई बैठक में विपक्ष ने बस सर्विस को लेकर जमकर सत्ताधारी पक्ष को घेरा।

विपक्ष के पार्षद सर्वजीत सिंह ने कहा कि किसान धरने पर लेकर निजीकरण के खिलाफ बैठे हैं और निगम प्राइवेट बसें चलाने जा रहा है। अगर बसें चलानी ही हैं तो निगम अपने स्तर पर चलाए। पार्षद मंजीत सिंह सेठी ने कहा कि बस सेवा चलाने का प्रस्ताव उनके कार्यकाल के दौरान आया था। अब आपरेटरों के लाभ पहुंचाने के लिए बस सेवा शुरू की जा रही है। ये गरीबों के लिए बस सेवा नहीं है। सेठी ने निगम अधिकारियों कर्मचारियों पर आरोप लगाया कि वे पैसे लेकर शहर में रेहड़ी-फड़ियां लग रहे हैं।

बसें चंडीगढ़ जा सकें इस पर प्रशासन से करेंगे बात

मेयर ने कहा कि मोहाली की बसें चंडीगढ़ भी जा सकें, इसके लिए वे चंडीगढ़ प्रशासन से बात करेंगे। जब उनसे पूछा गया कि निजी बसें कैसे चंडीगढ़ जाएंगी तो मेयर ने कहा कि वे चंडीगढ़ प्रशासक के सामने अपना पक्ष रखेंगे। हालांकि वे ये साफ नहीं कर सके कि चंडीगढ़ में बसें कैसे जाएंगी। मेयर जीती ने ये जरूर कहा कि सुबह व शाम को पीजीआइ की तरफ रूट शुरू किए जाएंगे क्योंकि लोग वहां इलाज करवाने जाते हैं। उन्हें सुबह जल्दी पहुंचना होता है। बसें न मिलने के कारण वे नहीं पहुंच पाते। मेयर ने कहा कि फिलहाल छह बसें शुरू की जाएगी। यह बस सेवा गरीबों के लिए होगी। एक प्रश्न के उत्तर में मेयर ने कहा कि महिलाएं इन बसों में फ्री सफर कर सकेंगी या नहीं, इस पर भी बातचीत की जाएगी लेकिन किराया नाममात्र होगा।

विपक्ष ने कहा चुनावी लालीपाप

बस सेवा को लेकर विपक्ष ने कहा कि ये एक चुनावी लालीपाप है। इससे लोगों को कोई फायदा नहीं होने वाला। सिर्फ विधानसभा चुनाव को देखते हुए इस तरह के दावे किए जा रहे हैं। वहीं, सत्ताधारी पक्ष ने कहा कि विपक्ष के आरोप निराधार हैं।

Edited By: Pankaj Dwivedi