जेएनएन, चंडीगढ़। Punjab Ashirwad Scheme: पंजाब सरकार ने लड़कियों के विवाह पर दी जाने वाली 'आशीर्वाद' योजना की राशि 21 हजार से बढ़ाकर 51 हजार कर दी है। यह फैसला मंत्रिमंडल की बैठक में लिया गया। इस योजना के तहत दिसंबर 2020 तक की अदायगी पहले ही कर दी गई है। नई योजना 1 जुलाई, 2021 से लागू होगी। सरकार ने दूसरी बार आशीर्वाद योजना में वृद्धि की है। इससे पहले इसे 15 हजार से बढ़ाकर 21 हजार किया गया था।

सरकार ने 'शगुन' स्कीम का नाम बदलकर 'आशीर्वाद' कर दिया था। इसमें सीधे लाभार्थियों के खाते में राशि डाली जाती है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह योजना अनुसूचित जाति, ईसाई भाईचारे, पिछड़ी श्रेणियों, आर्थिक पक्ष से कमजोर वर्ग के परिवारों व किसी भी जाति से संबंधित विधवाओं की बेटियों के साथ-साथ 18 साल या इससे अधिक आयु की मुस्लिम लड़कियों पर भी लागू है। अनुसूचित जाति से संबंधित विधवाएं व तलाकशुदा महिलाएं दोबारा विवाह के समय भी इस योजना का लाभ ले सकती हैं।

इस राशि में ताजा वृद्धि से 60 हजार लाभपात्रियों को फायदा होगा। इससे सरकारी खजाने पर 180 करोड़ रुपये का बोझ पड़ेगा। इस योजना के अधीन लाभ प्राप्त करने के लिए सभी स्रोतों से परिवार की सालाना आमदनी 32,790 रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।

भाषा विभाग के पुनर्गठन को मंजूरी

कैबिनेट ने भाषा विभाग के पुनर्गठन को मंजूरी दे दी है। इसमें 61 गैरजरूरी पदों की जगह 13 नए पदों को सृजित किया जाना शामिल है।

अनधिकृत टेलीकाम टावर होंगे नियमित

पंजाब सरकार ने पांच दिसंबर, 2013 से सात दिसंबर 2020 तक राज्य में लगाए गए अनधिकृत टेलीकाम टावरों को नियमित करने का फैसला किया है। ऐसा करने के लिए सात दिसंबर, 2020 के दूरसंचार निर्देशों में दर्ज शर्तों को पूरा किया जाए व एकमुश्त 20 हजार रुपये की अदायगी की जाए। यह स्कीम छह महीनों के लिए है।

गेहूं की लिफ्टिंग में तेजी लाने के आदेश

मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर ङ्क्षसह ने सभी खरीद एजेंसियों को गेहूं की लिङ्क्षफ्टग में तेजी लाने व किसानों को समय पर सीधा भुगतान यकीनी बनाने को कहा है। उन्होंने मंडियों में आ रहे 45 साल से अधिक उम्र के सभी किसानों, आढ़तियों, मजदूरों, खरीद एजेंसियों के मुलाजिमों को टीकाकारण कैंपों में टीका लगवाने की अपील की है। वहीं, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के प्रमुख सचिव केएपी सिन्हा ने बताया कि 18 अप्रैल को केंद्र सरकार से इस्तेमाल की गई बोरियों के प्रयोग की इजाजत से बोरियों की कोई कमी नहीं है। 

Edited By: Kamlesh Bhatt