चंडीगढ़, जेएनएन। जीएमसीएच-32 प्रबंधन ने हॉस्टल कैंपस में मारपीट के मामले में जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर आकाशदीप को दोषी पाते हुए अस्पताल से निकाल दिया है। न्यू ईयर सेलिब्रेशन के दौरान कैंपस में एमबीबीएस स्टूडेंट और जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर में झगड़ा हो गया था। प्रबंधन ने इसकी जांच के निर्देश दिए थे। जांच रिपोर्ट आने के बाद यह कार्रवाई की गई है। झगड़े के बाद नोटिस पाने वाले दूसरे पक्ष का एमबीबीएस स्टूडेंट आदित्य राणा पहले ही अस्पताल कैंपस छोड़कर जा चुका है। चीफ वार्डन अशोक कुमार अत्री ने कार्रवाई की पुष्टि की है।

न्यू ईयर के जश्न में जीएमसीएच-32 का हॉस्टल कैंपस में जूनियर रेजिडेंट और एमबीबीएस डॉक्टर मस्ती कर रहे थे। इस दौरान मारपीट में एमबीबीएस स्टूडेंट आदित्य राणा के सिर पर और जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर आकाश के मुंह पर चोट लगी थी। दूसरे दिन शिकायत चीफ वार्डन अशोक अत्री के पास पहुंचने पर तुरंत इन्क्वायरी मार्क की गई थी। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट करने का आरोप लगाया था। इस दौरान एमबीबीएस स्टूडेंट आदित्य राणा ने जश्न में ड्रंक होने और मारपीट होने की जानकारी दी थी। जबकि सेक्टर-34 थाने में शिकायत के बाद दोनों पक्षों ने समझौता कर लिया था। पुलिस ने दोनों पक्षों के लिखित राजीनामा पर केस बंद कर दिया था। वहीं, चीफ वार्डन डॉ. अशोक अत्री को मिली शिकायत पर विभागीय जांच जारी थी।

पहले सामने आया था छेड़छाड़ का मामला

इससे पहले दिसंबर 2019 में गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल सेक्टर-32 में महिला डॉक्टर से छेड़छाड़ कर हंगामा करने वाले सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर अनिकेत सैनी को सेक्टर-34 थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया था। विभाग ने अनिकेत सैनी को सस्पेंड किया था।

हरियाणा की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

पंजाब की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!