मुख्यमंत्री मान के OSD घुम्मन ने बिक्रम मजीठिया को भेजा कानूनी नोटिस, 24 घंटे में पोट हटा माफी मांगने को कहा
मुख्यमंत्री भगवंत मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन ने बिक्रम सिंह मजीठिया को कानूनी नोटिस भेजकर 24 घंटे में पोस्ट हटाने और माफी मांगने की मांग की है।

सीएम मान के ओएसडी राजबीर घुमन और अकाली नेता बिक्रम मजीठिया।
HighLights
ओएसडी घुम्मन ने मजीठिया को ड्रग्स आरोपों पर कानूनी नोटिस भेजा।
24 घंटे में पोस्ट हटाने और सार्वजनिक माफी की मांग।
मांगें पूरी न होने पर आपराधिक कार्रवाई की चेतावनी दी।
रोहित कुमार, चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन ने शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को कानूनी नोटिस भेजकर उनके इंटरनेट मीडिया पोस्ट पर आपत्ति जताई है। घुम्मन ने पोस्ट में लगाए गए आरोपों को निराधार, झूठा और मानहानिकारक बताते हुए 24 घंटे के भीतर इसे हटाने, सार्वजनिक रूप से बिना शर्त माफी मांगने और भविष्य में ऐसे आरोप नहीं लगाने का लिखित आश्वासन देने की मांग की है।
नोटिस में चेतावनी दी गई है कि मांगें पूरी नहीं होने पर मजीठिया के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई और मानहानि के लिए हर्जाने का मुकदमा दायर किया जाएगा। 27 अक्टूबर, 2026 को जारी कानूनी नोटिस के अनुसार, मजीठिया ने 26 अक्टूबर को अपने सत्यापित एक्स हैंडल से एक पोस्ट साझा की थी। इसमें घुम्मन का नाम लेते हुए उन्हें कथित ड्रग्स नेटवर्क और नशा मुक्ति केंद्रों से जुड़े मामलों से जोड़ा गया था।
पोस्ट में आम आदमी पार्टी सरकार के कथित ड्रग्स कनेक्शन का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया गया था कि पंजाब में नशा मुक्ति केंद्रों की आड़ में ड्रग्स माफिया फल-फूल रहा है और मुख्यमंत्री के करीबी सहयोगी राजबीर घुम्मन समेत अन्य ओएसडी की भूमिका पर सवाल उठते हैं।
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जानें क्या कहा गया था पोस्ट में
नोटिस में कहा गया है कि घुम्मन का सुमन आर्बर ग्रुप, किसी निजी नशा मुक्ति केंद्र या अवैध दवा कारोबार के नेटवर्क से कोई प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष संबंध नहीं है। इसमें आरोप लगाया गया है कि मजीठिया ने बिना दस्तावेजी या कानूनी साक्ष्य के ये आरोप लगाए और राजनीतिक दुर्भावना के चलते उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया।
नोटिस के मुताबिक, मजीठिया ने अपनी पोस्ट की पहुंच बढ़ाने के लिए दो दर्जन से अधिक राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय मीडिया संस्थानों, पत्रकारों तथा अन्य आधिकारिक हैंडल को टैग किया। इसके कारण घुम्मन को रिश्तेदारों, मित्रों और परिचितों के फोन आने लगे तथा उन्हें कथित तौर पर मानसिक परेशानी और सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान का सामना करना पड़ा।
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नोटिस में तीन मांगें रखीं
- नोटिस में मजीठिया से 24 घंटे के भीतर संबंधित पोस्ट और उससे जुड़ी सामग्री हटाने, अपने सत्यापित एक्स हैंडल पर सार्वजनिक रूप से बिना शर्त माफी मांगने तथा प्रमुख मीडिया संस्थानों के माध्यम से भी माफी जारी करने की मांग की गई है।
- इसके अलावा भविष्य में घुम्मन के खिलाफ ऐसे आरोप प्रकाशित या प्रसारित नहीं करने का लिखित आश्वासन मांगा गया है।
- नोटिस में भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 356 के तहत मानहानि और धारा 351 के तहत आपराधिक धमकी से संबंधित प्रावधानों का उल्लेख करते हुए आपराधिक कार्रवाई तथा नागरिक मानहानि के मुकदमे की चेतावनी दी गई है।
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