Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Chandigarh News: आइएएस अधिकारियों के दबाव में झुकी पंजाब सरकार, मान ने मुख्य सचिव से मांगी रिपोर्ट

    By Jagran NewsEdited By: Nidhi Vinodiya
    Updated: Tue, 10 Jan 2023 10:30 AM (IST)

    आइएएस नीलिमा और पीसीएस अधिकारी नरिंदर सिंह धालीवाल के खिलाफ दो विभिन्न मामलों में विजिलेंस द्वारा दर्ज की गईं एफआइआर के बाद आइएएस और पीसीएस अधिकारियों ...और पढ़ें

    Hero Image
    आइएएस अधिकारियों के दबाव में झुकी पंजाब सरकार

    चंडीगढ़, जागरण संवाददाता : आइएएस नीलिमा और पीसीएस अधिकारी नरिंदर सिंह धालीवाल के खिलाफ दो विभिन्न मामलों में विजिलेंस द्वारा दर्ज की गईं एफआइआर के बाद आइएएस और पीसीएस अधिकारियों की एसोसिएशनों ने भौंहें तरेर ली हैं। दोनों मामलों में अधिकारियों के विरोध के बाद पंजाब सरकार दबाव में आ गई है। सोमवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आइएएस और पीसीएस अधिकारियों की एसोसिएशन के साथ अलग-अलग बैठकें कीं।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    नरिंदर सिंह तुरंत रिहाई नहीं हुई तो जारी रहेगी हड़ताल 

    इनमें से आइएएस निलिमा के खिलाफ दर्ज केस को लेकर मुख्यमंत्री मान ने मुख्य सचिव वीके जंजुआ से मंगलवार तक इस बात की रिपोर्ट मांगी है कि क्या केस दर्ज करने के लिए विजिलेंस ने अनुमति लेकर कार्रवाई की है या नहीं। अगर ऐसा नहीं किया गया है तो नियमों के मुताबिक संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए। वहीं पीसीएस अधिकारी मान के साथ बैठक के बाद भी संतुष्ट नहीं हुए। उनका कहना है कि गिरफ्तार किए गए नरिंदर सिंह तुरंत रिहा किया जाए, नहीं तो हड़ताल जारी रहेगी। सोमवार को आइएएस अधिकारियों के साथ करीब आधा घंटा तक बैठक करने के बाद मान ने मुख्य सचिव को आदेश दिए हैं कि दस जनवरी तक विजिलेंस द्वारा की गई कार्रवाई पर रिपोर्ट दी जाए।

    आइएएस नीलिमा के खिलाफ केस दर्ज करने का निर्णय 

    उन्होंने विजिलेंस ब्यूरो का वह रिकार्ड तलब करने के लिए कहा है जिसके आधार पर आइएएस नीलिमा के खिलाफ केस दर्ज करने का निर्णय लिया गया है। साथ ही विजिलेंस ब्यूरो को कानून की धाराओं का सम्मान करने के निर्देश भी दिए हैं। दूसरी तरफ पीसीएस अधिकारी सोमवार से पांच दिन के लिए सामूहिक अवकाश पर चले गए हैं। इस कारण पूरे राज्य में प्रशासनिक कामकाज ठप हो गए हैं। रेवेन्यू अफसर एसोसिएशन और पंजाब स्टेट इंजीनियर एसोसिएशन ने भी पीसीएस अधिकारियों का समर्थन कर दिया है। जिस प्रकार आइएएस और पीसीएस अधिकारियों ने सरकार पर दबाव बनाया है, उससे लगता है कि इन दोनों मामलों की जांच ढीली पड़ सकती है।

    नरिंदर सिंह धालीवाल को भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार किया

    उल्लेखनीय है कि विजिलेंस ब्यूरो द्वारा धोखाधड़ी से उद्योग की जमीन रियल एस्टेट कंपनी को ट्रांसफर करने के मामले में पूर्व मंत्री सुंदर शाम अरोड़ा समेत जिन 10 अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज किया है उनमें आइएएस अधिरकारी नीलिमा का नाम भी शामिल है। वहीं विजिलेंस ने पीसीएस अधिकारी व लुधियाना आरटीए सचिव नरिंदर सिंह धालीवाल को शुक्रवार को भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार किया था। उन पर आरोप है कि वह बड़े वाहनों का चालान नहीं करते और इसके बदले ट्रांसपोर्टरों से पैसा ले रहे हैं।

    नीलिमा के आइएएस पति ने कही इस्तीफा देने की चेतावनी

    मुख्यमंत्री मान के सथ बैठक के दौरान नीलिमा के आइएएस पति अमित कुमार ने कहा कि उनकी पत्नी ने कुछ गलत नहीं किया है। उन्होंने चेतावनी दी कि वह इस्तीफा देकर अपनी पत्नी को न्याय दिलवाने के लिए लड़ेंगे। उनके साथ ही कुछ और आइएएस अधिकारियों ने भी इस्तीफा देने की बात कही।