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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

गोल्डन टेंपल को सातवीं बार फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी, मुख्य आरोपी अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर

Published: Sat, 19 Jul 2025 12:01 PM (IST)

अमृतसर के श्री हरमंदिर साहिब को आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी सातवीं बार ईमेल के माध्यम से मिली है। पुलिस ...और पढ़ें

गोल्डन टेंपल को सातवीं बार फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी (फाइल फोटो)
गोल्डन टेंपल को सातवीं बार फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी (फाइल फोटो)

जागरण संवाददाता, अमृतसर। श्री हरि मंदिर साहब को आरडीएक्स लगाकर उड़ने की शनिवार की दोपहर सातवीं बार धमकी ईमेल के जरिए मिली है। हालांकि, 6 दिन बीत जाने के बाद भी मुख्य आरोपित पुलिस की पकड़ से दूर हैं।

साइबर सेल की पुलिस द्वारा हरियाणा के फरीदाबाद जिले के इंजीनियर शुभम दुबे को हिरासत में लिया गया है। लेकिन सारे मामले में मुख्य आरोपितों और ईमेल भेजने वाले लोगों का पता नहीं लग सका है। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि घर पकड़ जारी है।

शुभम से भी पूछताछ की जा रही है उसका लैपटॉप और मोबाइल कब्जे में है। कुछ ज्यादा जानकारियां उपलब्ध नहीं हो रही। उल्लेखनीय है कि पिछले सोमवार से श्री हरमंदिर साहिब को लगातार आरडीएक्स लगाकर उड़ने की धमकियां मिल रही है l

आखिर क्यों मिल रहीं धमकियां?

बीते शुक्रवार शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) के मुख्य सचिव कुलवंत सिंह मनन ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें श्री दरबार साहिब (स्वर्ण मंदिर) को धमकी भरे ईमेल भेजने के पीछे के मकसद की जानकारी नहीं है और उन्हें ये ईमेल लगभग पांच दिनों से मिल रहे हैं।

एसजीपीसी के मुख्य सचिव कुलवंत सिंह मनन ने कहा कि चार-पांच दिन हो गए हैं जब श्री दरबार साहिब को धमकी भरे ईमेल भेजे जा रहे हैं। हमें इन ईमेल के पीछे का मकसद नहीं पता, लेकिन पुलिस आयुक्त के अनुसार, शुभम दुबे नाम के एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है और उससे पूछताछ की जा रही है।

किसी एक व्यक्ति का काम नहीं

मनन ने आगे कहा कि पुलिस कमिश्नर ने कहा कि लगातार आ रहे ये ईमेल संकेत देते हैं कि इसके पीछे एक व्यक्ति नहीं हो सकता, बल्कि किसी समूह का हाथ होने की संभावना है। लाखों की संख्या में गोल्डन टेंपल में पूजा-अर्चना करने आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता है।