अहमदाबाद, शत्रुघ्‍न शर्मा। Alpesh Thakor. गुजरात में नशाबंदी व बेरोजगारी के मुद्दे पर आंदोलन कर चर्चित हुए अल्‍पेश ठाकोर ने बसंत पंचमी के दिन अपने बेटे उत्‍सव का सादगीपूर्ण तरीके से घर में ही विवाह संपन्‍न करा दिया। अल्‍पेश ने अपने करीबी मित्रों को भी नहीं बुलाकर समाज में मितव्‍ययता का संदेश देने की कोशिश की है।

ओबीसी एकता मंच के संयोजक व पूर्व विधायक अल्‍पेश ठाकोर के पुत्र उत्‍सव का विवाह बसंत पंचमी, 30 जनवरी को बनासकांठा के थराद गांव की लड़की उर्वी के साथ संपन्‍न हुआ। अल्‍पेश ने यह विवाह बहुत सादगी पूर्ण तरीके से घर में ही संपन्‍न कराया तथा अपने सगे संबंधी तथा करीबी मित्रों को भी इसकी जानकारी नहीं दी। उर्वी ने बचपन में ही पिता दिनेश भाई ठाकोर का साया खो दिया था, लेकिन अब अल्‍पेश के परिवार की सदस्‍य बनकर बहुत खुश है। उत्‍सव ने कॉलेज शिक्षा के बाद अब अहमदाबाद में अपना बिजनेस शुरू किया है।

नशाबंदी आंदेालन से लेकर कांग्रेस में शामिल होकर चुनाव लड़ने तथा विधानसभा से इस्‍तीफा देकर उपचुनाव में भाजपा से चुनाव लड़ने तक साथ रहने वाले करीबी मित्र पूर्व विधायक धवल सिंह झाला को भी इसकी जानकारी नहीं थी। बीते साल अल्‍पेश राधनपुर से विधानसभा का उपचुनाव हार गए थे। विवाह के जरिए एक बार फिर वे समाज में चर्चा का विषय बन गए हैं। कुछ माह पहले ही अल्‍पेश ने अहमदाबाद में भतीजे की शादी धूमधाम से संपन्‍न कराई थी, जिसमें राजनीति से लेकर विविध क्षेत्र के कई नामी गिरामी लोगों ने शिकरत की थी।

कांग्रेस से राजनीति की पारी खेलने वाले अल्‍पेश के पिता खोडाजी ठाकोर कांग्रेस के गांधीनगर जिले के अध्‍यक्ष रह चुके हैं। खुद अल्‍पेश ने 2017 में कांग्रेस के टिकट पर राधनपुर से विधानसभा चुनाव जीता था, लेकिन बाद में इस्‍तीफा देकर भाजपा में शामिल हो गए लेकिन 2019 में उपचुनाव में वे अपनी जीत को दोहरा नहीं सके थे।

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Edited By: Sachin Kumar Mishra