नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क। तालिबान ने अगस्त 2021 में जबअफगानिस्तान पर कब्जा किया तो भारत ने तेजी से अपने नागरिकों को वहां से निकाला। भारत ने अफगानिस्तान ने अपने नागरिकों को निकालने के लिए ऑपरेशन देवी शक्ति चलाया था। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त 2021 की रात को तख़्तापलट वाले दिन, आधी रात को भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए किए जा रहे प्रयासों के बारे में पूछने के लिए फोन किया था।

विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने एक किस्‍सा सुनाकर इसकी तस्‍दीक की। वाकया अफगानिस्‍तान से भारतीयों के रेस्‍क्‍यू मिशन का है। अमेरिका के न्‍यूयॉर्क में एक कार्यक्रम के दौरान जयशंकर ने कहा कि आधी रात हो चुकी थी।मेरा फोन बजा। जब प्रधानमंत्री आपको फोन करते हैं तो कोई कॉलर आईडी नहीं आता। मैं थोड़ा हैरान हुआ, लेकिन नो कॉलर आईडी पर भी कोई आपसे बात करना चाह रहा होता है। इस बार प्रधानमंत्री थे। वह मानकर चल रहे थे कि मैं उन्‍हें पहचान लूंगा। इसलिए उनका पहला सवाल था, जागे हो? मैंने कहां हां सर।

जयशंकर ने कहा क‍ि इसके बाद उन्‍होंने थोड़ा अपडेट दिया। फिर पीएम बोले कि जब खत्‍म हो जाएगा तो मुझे फोन करना। जयशंकर ने बताया कि मैंने कहा कि सर इसमें दो-तीन घंटे और लगेंगे। मैं आपको बता दूंगा। उन्‍होंने कहा- मुझे फोन करना। इस संबंध में समाचार एजेंसी एएनआई ने एक वीडियो शेयर किया है।

क्या था आपरेशन देवी शक्ति

अफगानिस्तान में फंसे भारतीयों को वहां से सुरक्षित निकालने के मिशन को खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में अंजाम दिया जा रहा है। इस मिशन को भारत ने 'ऑपरेशन देवी शक्ति' का नाम दिया गया था। आखिरकार तालिबान के क्रूर आतंकवादियों से लोगों की जान बचाने के इस मुश्किल मिशन को ऐसा नाम क्यों दिया गया, इस मिशन का नाम ऑपरेशन देवी शक्ति इसलिए रखा गया है, क्योंकि जैसे 'मां दुर्गा' राक्षसों से बेगुनाहों की रक्षा करती हैं, इसलिए इस मिशन का लक्ष्य बेकसूर नागरिकों को तालिबान के आतंकियों की हिंसा से हिफाजत करना है।

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(न्‍यूज एजेंसी ANI के इनपुट के साथ)

Edited By: Sanjeev Tiwari