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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Odisha Train Accident: 'क्या रेल मंत्री की लापरवाही से...' ओडिशा रेल हादसे पर सुरजेवाला ने PM से पूछे 9 सवाल

By AgencyEdited By: Mahen Khanna
Published: Sun, 04 Jun 2023 09:02 AM (IST)

Odisha Train Accident बालेश्वर रेल हादसे पर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने ...और पढ़ें

Odisha Train Accident रणदीप सुरजेवाला के पीएम से सवाल।
Odisha Train Accident रणदीप सुरजेवाला के पीएम से सवाल।

HighLights

  1. Odisha Train Accident को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर हमला बोला है।
  2. कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने हादसे को लेकर पीएम मोदी से 9 सवाल पूछे हैं।
  3. सुरजेवाला ने कहा- रेल मंत्री को तुरंत प्रभाव से हटाना चाहिए।

नई दिल्ली, एएनआई। Odisha Train Accident कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने ओडिशा के बालेश्वर में हुए भयानक रेल हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। कांग्रेस नेता ने कहा कि अब तक 288 लोगों की जान जा चुकी है और 56 लोग जीवन के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अभी तक किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया गया है।

सुरजेवाला ने एक ट्वीट में कहा, "रेलवे बोर्ड के अधिकारियों ने फरवरी में इंटरलॉकिंग की विफलता के बारे में चिंता जताई थी और तत्काल कार्रवाई की मांग की थी। अधिकारियों ने कहा था कि अगर सिग्नल रखरखाव प्रणाली की निगरानी नहीं की गई और इसे तुरंत ठीक नहीं किया गया, तो इससे गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं, लेकिन मंत्री ने कुछ नहीं किया।''

सुरजेवाला ने पीएम मोदी से पूछे 9 सवाल

1- रेल मंत्री और रेल मंत्रालय अधिकारियों की चिंता से अनभिज्ञ या लापरवाह क्यों थे?

कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रारंभिक समाचार रिपोर्टों से पता चलता है कि बालेश्वर ट्रेन दुर्घटना सिग्नलिंग प्रणाली की विफलता के कारण हुई थी, लेकिन रेल मंत्री और रेल मंत्रालय सिग्नल प्रणाली की विफलता पर दी गई महत्वपूर्ण चेतावनी से अनभिज्ञ थे। सुरजेवाला ने कहा कि जिम्मेदारी तय करते हुए रेल मंत्री को तुरंत बर्खास्त करना चाहिए।

2- सुरजेवाला ने कहा कि हाल ही में कई मालगाड़ियों के पटरी से उतरने की खबरें आई थी। इन हादसों में कई लोको पायलटों की मौत हो गई और कई वैगन नष्ट हो गए। क्या रेल सुरक्षा की कमी पर पहले से मिल रहे ये अलार्म कम थे, रेल मंत्री और रेल मंत्रालय ने पहले ही उचित कदम क्यों नहीं उठाए। 

3- क्या यह सही है कि रेल मंत्री रेलवे सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करने के बजाय मार्केटिंग और प्रधानमंत्री को खुश करने के लिए अधिक चिंतित हैं? क्या रेल मंत्री यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के कठिन काम को देखने के बजाय प्रधानमंत्री से वंदे भारत ट्रेनें शुरू कराने, रेलवे स्टेशनों के नवीनीकृत तस्वीरें ट्वीट करने और राजस्व बढ़ाने में व्यस्त हैं? क्या मंत्री राजस्व बढ़ाना में व्यस्त हैं?"

4- क्या रेलवे सुरक्षा की बढ़ती चूक आवश्यक मानव संसाधन - गैंगमैन, स्टेशन मास्टर, लोको पायलट आदि जैसे पैदल सैनिकों की कमी के कारण नहीं है?

सुरजेवाला ने कहा कि क्या यह सही नहीं है कि रेलवे द्वारा दिए गए एक आरटीआई जवाब के अनुसार 39 रेलवे जोनों में से अधिकांश के पास आवश्यक मानव संसाधन की कमी है? क्या यह सही नहीं है कि रेलवे में ग्रुप सी के 3,11,000 पद खाली हैं जिससे रेल सुरक्षा के साथ-साथ परिचालन क्षमता भी खतरे में है? क्या रेलवे में 18,881 गजेटेड कैडेट के पदों में से 3,081 पद खाली पड़े हैं?

5- सुरजेवाला ने आगे पूछा- क्या यह सही नहीं है कि पिछले वर्ष की 35 भयानक दुर्घटनाओं की तुलना में वर्ष 2022-23 में 48 बड़ी रेल दुर्घटनाएं हुईं है?

6- 'ट्रेन टक्कर बचाव प्रणाली' (टीसीएएस) जिसे कवच कहा जाता है, रेलवे जोन में क्यों लागू नहीं किया गया है? क्या यह सही नहीं है कि केवल 2 फीसद रेल नेटवर्क यानी 68,000 किमी रेलवे नेटवर्क में से 1,450 किलोमीटर ही 'कवच' द्वारा कवर किया गया है?

7- रेल मंत्रालय ने 'रेल सुरक्षा आयोग' की शक्तियों में कटौती करके उसे फालतू क्यों बना दिया है?

8- क्या यह सही नहीं है कि CAG रिपोर्ट 2021 में बताया गया है कि "राष्ट्रीय रेल सुरक्षा फंड" का 20 फीसद ही गैर-सुरक्षा उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया गया था और पर्याप्त राशि का उपयोग नहीं किया गया था? क्या यह जानबूझकर की गई चूक नहीं है?

9- रेल मंत्री पर आईटी और टेलीकॉम जैसे बड़े मंत्रालयों का बोझ क्यों है, जो रेलवे सुरक्षा को खतरे में डाल रहे हैं?