विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'तो MVA के बने रहने का मतलब नहीं...', BJP के साथ आने की अटकलों के बीच उद्धव ठाकरे का बड़ा बयान

Published: Sat, 19 Jul 2025 04:45 PM (GMT+05:30)

उद्धव ठाकरे ने महाविकास अघाड़ी गठबंधन में अनबन की आशंका जताई है। उन्होंने कहा कि 2024 के चुनावों में सीट ...और पढ़ें

उद्धव ने कहा कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में गलतियां हुईं (फोटो: पीटीआई)
उद्धव ने कहा कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में गलतियां हुईं (फोटो: पीटीआई)

HighLights

  1. सामना को उद्धव ठाकरे ने दिया इंटरव्यू
  2. महाविकासअघाड़ी पर दिया बड़ा बयान
  3. सीट बंटवारे की खींचतान का किया जिक्र

पीटीआई, मुंबई। महाराष्ट्र में महाविकासअघाड़ी गठबंधन में सब कुछ ठीक नहीं लग रहा है। सीएम देवेंद्र फडणवीस के ऑफर और शिवसेना (यूबीटी) के भाजपा के साथ आने की अटकलों के बीच उद्धव ठाकरे ने महाविकासअघाड़ी को लेकर बड़ा बयान दे दिया है।

उद्धव ने कहा है कि अगर भविष्य में 2024 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों जैसी गलतियां होती रहीं, तो साथ रहने का कोई मतलब नहीं बनता। उद्धव ने कहा कि 2024 में महाविकासअघाड़ी की जीत की जगह मुकाबला पार्टी-वार जीत हासिल करने पर केंद्रित हो गया और गठबंधन की हार हुई।

सीट शेयरिंग के विवाद का किया जिक्र

शिवसेना (यूबीटी) के मुखपत्र सामना को दिए इंटरव्यू में उद्धव ठाकरे ने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान उनकी पार्टी को कई ऐसे निर्वाचन क्षेत्र अपने गठबंधन सहयोगियों के लिए छोड़ने पड़े, जिन पर कई बात जीत दर्ज की थी। उद्धव ने कहा कि सीट बंटवारे पर बातचीत आखिरी मिनट तक चलती रही।

उन्होंने कहा कि सीट बंटवारे को लेकर हुई देरी और सहयोगियों के बीच सीट को लेकर हुई खींचतान से लोगों के बीच में गलत संदेश गया। उद्धव ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में एमवीए के शानदार प्रदर्शन के बाद विधानसभा चुनाव पार्टी-वार जीत हासिल करने का व्यक्तिगत अहंकार आ गया और गठबंधन हार गया।

'भविष्य में ऐसी गलतियां नहीं होनी चाहिए'

ठाकरे ने अफसोस जताया कि कुछ निर्वाचन क्षेत्रों में उम्मीदवारों का फैसला तक नहीं हो पाया। उन्होंने कहा कि यह एक गलती थी, जिसे सुधारना जरूरी है। अगर भविष्य में ऐसी गलतियां होती रहीं, तो साथ रहने का कोई मतलब नहीं है। उद्धव ने कहा कि रियायतों की घोषणा करने की होड़ ने शिवसेना (यूबीटी), एनसीपी (शरदचंद्र पवार) और कांग्रेस वाली एमवीए को नुकसान में डाल दिया।

उद्धव ने कहा, 'लड़की बहन जैसी भ्रामक योजनाओं के कारण चुनावी संभावनाओं पर असर पड़ा। ईवीएम घोटाले", फर्जी मतदाता सूची और विधानसभा चुनावों के दौरान मतदाताओं की संख्या में वृद्धि की चर्चा हो रही है। गलती को स्वीकार करने में कतराना नहीं चाहिए।'

यह भी पढ़ें- 'ये अंदर की बात है', भाजपा के साथ आने की अटकलों पर बोले उद्धव ठाकरे; फडणवीस ने भी दिया बड़ा बयान