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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 10, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Love Jihad: मप्र में मदरसा, चर्च, स्कूल पर शिकंजा, धर्मातरण में मदद की तो छिनेगी सरकारी जमीन और अनुदान

By Arun Kumar SinghEdited By:
Published: Thu, 10 Dec 2020 08:10 PM (IST)Updated: Thu, 10 Dec 2020 08:22 PM (IST)

मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार लव जिहाद रोकने के लिए बनाए जा रहे धर्म स्वातंत्रय विधेयक को विधानसभा में पेश ...और पढ़ें

मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार लव जिहाद पर कानून
मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार लव जिहाद पर कानून

धनंजय प्रताप सिंह, भोपाल। मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार लव जिहाद रोकने के लिए बनाए जा रहे धर्म स्वातंत्रय विधेयक को विधानसभा में पेश करने से पहले सख्ती के कई प्रावधान शामिल कर रही है। इसमें जो नया प्रावधान जोड़ा जा रहा है। उसमें मदरसा, स्कूल या चर्च जैसी धार्मिक संस्थाओं पर भी शिकंजा कसा जा रहा है। ऐसी संस्थाओं द्वारा यदि लव जिहाद व धर्मांतरण में किसी तरह की मदद की गई तो सरकार उन्हें दी गई सारी सुविधाएं वापस ले लेगी। उनका अनुदान बंद कर दिया जाएगा। यदि उन्हें सरकारी जमीन मिली है तो वह भी वापस ले ली जाएगी। लव जिहाद पर यह विधेयक इसी महीने के अंतिम सााह में विधानसभा से पारित कराया जाएगा।

अन्य राज्यों के मुकाबले सख्त कानून बनाने की दिशा में काम कर रही है राज्य सरकार

लव जिहाद जैसे मामलों में कभी-कभी धार्मिक संस्थाओं की भूमिका भी सामने आती है। ये संस्थाएं इस तरह के मामलों को धर्म प्रचार से जोड़कर देखती हैं। जब मामला तूल पकड़ता है तो इन संस्थाओं के प्रमुख राजी मर्जी से शादी की बात कहकर पल्ला झाड़ लेते हैं। यदि इनकी भूमिका भी तय की जाती है तो वे कानूनी दायरे में आने के डर से इस प्रकार के कार्यों से दूर रहेंगे। गौरतलब है कि लव जिहाद के खिलाफ कानून बनाने को लेकर मध्य प्रदेश सरकार काफी सतर्कता बरत रही है। साथ ही, अन्य राज्यों से सख्त कानून बनाने की दिशा में काम किया जा रुहा है। शुरुआत में इसमें दोषियों पर पांच साल की सजा की बात कही गई, लेकिन बाद में सजा बढ़ाकर दस साल करने की मांग ने जोर पकड़ा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी कहा कि दोषियों के लिए दस साल की सजा का प्रावधान किया जाएगा। बाद में नाबालिग लड़की से विवाह में सजा का अतिरिक्त प्रावधान जोड़ने पर भी काम किया गया।

सख्ती पर संगठन और सत्ता एकमत

लव जिहाद को लेकर बनाए जाने वाले कानून में सख्त से सख्त प्रविधान किए जाएं, इस पर भाजपा संगठन और सरकार के सभी मंत्री और विधायक एकमत हैं। सरकार के मंत्री और संगठन के पदाधिकारी इस बारे में सार्वजनिक रूप से बयान देते रहे हैं। विधानसभा में इस विधेयक को रखने से पहले सभी पहलुओं पर गहन विचार-विमर्श किया जा रहा है। इसके पीछे कारण यह है कि कानून बनने के बाद अदालती चुनौती से इसे सुरक्षित रखा जा सके।

कानून बनाकर रोकेंगे लव जिहाद 

मध्य प्रदेश विधानसभा के सामयिक अध्यक्ष (प्रोटेम स्पीकर) रामेश्वर शर्मा ने कहा कि लव जिहाद दो संप्रदायों के बीच कौमी संघर्ष को बढ़ावा देता है। देश के नौ राज्य इसे रोकने के लिए कानून बना रहे हैं। लव जिहाद को बढ़ावा देने वाली एजेंसियां भी शांति भंग करने और पाक प्रायोजित कट्टरता को स्थापित करने में मदद प्रदान कर रही हैं, इसलिए ऐसी एजेंसियों पर शिकंजा कसा जा रहा है। नए कानून में यह नहीं चलेगा कि सरकारी जमीन और अनुदान लेकर लव जिहाद की बैठक करो, धर्मातरण को बढ़ावा दो । इस सुनियोजित षड्यंत्र को रोका जाएगा। मुख्यमंत्री भी कानून को कठोर बनाने पर सहमत हैं।