केरल निकाय चुनाव: थरूर के गढ़ तिरुवनंतपुरम में खिला कमल, लेफ्ट को बड़ा नुकसान; कांग्रेस को भी झटका
केरल निकाय चुनाव में बीजेपी ने तिरुवनंतपुरम में महत्वपूर्ण बढ़त हासिल की है, जो शशि थरूर का गढ़ माना जाता ...और पढ़ें
HighLights
तिरुवनंतपुरम में बीजेपी ने दर्ज की बड़ी जीत
लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट को हुआ भारी नुकसान
कांग्रेस पार्टी को भी लगा झटका
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केरल में बड़ा सियासी फेरबदल देखने को मिला है। भारतीय जनता पार्टी ने तिरुवनंतपुरम निकाय चुनाव में भगवा लहरा दिया है। भाजपा ने निकाय चुनावों में ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए लोकतात्रिक मोर्चा से सत्ता छीन ली है।
बीजेपी की यह जाती सत्ताधारी वाम मोर्चे के लिए बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है क्योंकि एलडीएफ यहां बीते चार दशकों से सत्ता में काबिज थी।
थरूर के गढ़ में खिला कमल
एनडीए ने नगर निगम के 101 वार्डों में से 50 पर जीत हासिल की है, जबकि सत्ताधारी एलडीएफ 29 सीटों पर सिमट गई है। कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ को 19 सीटें मिलीं वहीं दो सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है। पिछले सप्ताह एक उम्मीदवार की मृत्यु के बाद एक सीट का मतदान रद कर दिया गया था।
पीएम मोदी ने दी जीत की बधाई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी तिरुवनंतपुरम में बीजेपी की जीत पर मुबारकबाद दी है। पीएम मोदी ने एक्स पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा, "तिरुवनंतपुरम को धन्यवाद! तिरुवनंतपुरम नगर निगम में भाजपा-एनडीए को मिला जनादेश केरल की राजनीति में एक ऐतिहासिक क्षण है। जनता को पूरा विश्वास है कि राज्य की विकास संबंधी आकांक्षाओं को केवल हमारी पार्टी ही पूरा कर सकती है। हमारी पार्टी इस शहर के विकास और लोगों के लिए जीवन स्तर को सुगम बनाने की दिशा में काम करेगी।"
Thank you Thiruvananthapuram!
— Narendra Modi (@narendramodi) December 13, 2025
The mandate the BJP-NDA got in the Thiruvananthapuram Corporation is a watershed moment in Kerala’s politics.
The people are certain that the development aspirations of the state can only be addressed by our Party.
Our Party will work towards…
हमारे कार्यकर्ता हमारी ताकत हैं और हमें उन पर गर्व- पीएम मोदी
पीएम ने कहा कि उन सभी मेहनती बीजेपी कार्यकर्ताओं का धन्यवाद जिन्होंने लोगों के बीच काम किया, जिसकी वजह से तिरुवनंतपुरम कॉर्पोरेशन में शानदार नतीजा मिला। आज केरल में पीढ़ियों से काम कर रहे कार्यकर्ताओं के काम और संघर्षों को याद करने का दिन है, जिन्होंने जमीनी स्तर पर काम किया, जिससे आज का नतीजा सच हो पाया। हमारे कार्यकर्ता हमारी ताकत हैं और हमें उन पर गर्व है!
