Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    BJP नेता जयनारायण की बेटी सुभाश्री ने पिता के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किन्नरों को पानी पिलाकर बटोरी सुर्खियां

    By Jagran NewsEdited By: Mohit Tripathi
    Updated: Mon, 20 Feb 2023 11:49 PM (IST)

    नेता प्रतिपक्ष और संबलपुर से चार बार से विधायक जय नारायण मिश्रा की बेटी सुभाश्री मिश्रा सुर्खियों में हैं। महिला पुलिस अधिकारी को धक्का देने के विरोध में जयनारायण के आवास के सामने प्रदर्शन कर रहे किन्नरों को सुभाश्री ने पानी पिलाकर सुर्खियां बटोरी हैं।

    Hero Image
    विधायक जयनारायण मिश्र की बेटी सुभाश्री मिश्रा अब सुर्खियों में।

    संतोष कुमार पांडेय, अनुगुल: नेता प्रतिपक्ष और संबलपुर से चार बार से विधायक जय नारायण मिश्रा की बेटी सुभाश्री मिश्रा अब सुर्खियों में हैं। जय नारायण की तरह उनकी बेटी सुभाश्री मिश्रा ने भी 17 तारीख को मास्टर स्ट्रोक मारा है।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    महिला पुलिस अधिकारी को धक्का देने के विरोध में किन्नर जय नारायण के आवास के सामने प्रदर्शन कर रहे थे। सुभाश्री ने पिता जय नारायण के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए किन्नरों से बेहद विनम्रता से बात की।

    गर्मी में बैठे किन्नरों को पिलाया पानी

    गर्मी में बैठने के कारण प्यासे किन्नरों को ठंडा पानी पिलाया गया। चूंकि उस दिन जयनारायण का जन्मदिन था । उसने किन्नरों को मिठाई बांटकर स्थिति को पूरी तरह से बदल दिया। जय नारायण पर कार्रवाई की मांग करने वाले किन्नरों ने बदले में उनकी बेटी सुभाश्री को आशीर्वाद दिया और चले गए।

    कानून की पढ़ाई कर रही सुभाश्री

    राजनीति में आने के सवाल पर उन्होंने एक समझदार व्यक्ति की तरह टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर लोग चाहेंगे तो वह राजनीति में आएंगी। सुभाश्री, जो ज्यादातर अध्ययन के लिए राजधानी में रहती हैं। उन्हें पहले अपने पिता के साथ संबलपुर जिले में कोरोना प्रतिबंध हटने के बाद कुछ कार्यक्रमों में देखा गया था।

    राजनीति में आने की पूरी संभावना

    17 तारीख की घटना को लेकर सुर्खियों में रहने वाली सुभाश्री के आने वाले दिनों में राजनीति में आने की पूरी संभावना है। अब अक्सर देखने में आ रहा है कि नेता अपने बेटे-बेटियों को राजनीति में साधने में लगे हैं।

    भाजपा और अन्य दलों के क्षेत्र में ऐसे कई उदाहरण हैं। हालांकि भाजपा भाई-भतीजावादी राजनीति के खिलाफ वकालत करती है लेकिन कुछ मामलों में अपवाद भी हैं। ऐसे में राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि आने वाले दिनों में जय नारायण के मामले में ऐसा अपवाद हो सकता है।