यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 05, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सांसद आजम खां के बेटे अब्दुल्ला ने फर्जी प्रमाण पत्र पर लड़ा था चुनाव, अब और बढ़ने वाली हैं मुसीबतें
65 lakh recovery from Abdullah Azam जेल में बंद अब्दुल्ला आजम की मुश्किलें अब और बढ़ने वाली हैं। उप सचिव ...और पढ़ें

रामपुर, जेएनएन। 65 lakh recovery from Abdullah Azam। सांसद आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम से सरकार 6568713 रुपये की वसूली करेगी। ऐसा इसलिए क्योंकि उन्होंने विधायक रहते वेतन, भत्ते और दूसरी सुविधाओं के लिए सरकारी धन का दुरुपयोग किया।
आजम खां के बेटे अब्दुल्ला 2017 में हुए विधानसभा उपचुनाव में स्वार विधानसभा क्षेत्र से सपा के टिकट पर विधायक निर्वाचित हुए थे। उनके चुनाव जीतने के बाद बसपा प्रत्याशी रहे नवाब काजिम अली खान उर्फ नवेद मियां ने हाईकोर्ट में रिट दायर कर दी थी। इसमें कहा कि अब्दुल्ला की उम्र चुनाव के वक्त कम थी। फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर उन्होंने चुनाव लड़ा था। इस मामले में हाईकोर्ट ने अब्दुल्ला की उम्र कम मानते हुए 16 दिसंबर 2019 को उनकी विधायकी रद कर दी। बाद में 27 फरवरी 2020 को उनकी विधानसभा में सीट भी रिक्त घोषित कर दी गई। अब विधानसभा सचिवालय के उप सचिव एवं मुख्य लेखाधिकारी अनुज कुमार पांडे ने अब्दुल्ला आजम को पत्र लिखकर कहा है कि उन्होंने विधायक रहते वेतन भत्ते और अन्य सुविधाओं के रूप में 6568713 रुपये का इस्तेमाल किया है। इस धनराशि की वसूली जानी है। इसे तीन माह के अंदर जमा कर दें। उनसे वसूली के लिए भारतीय जनता पार्टी लघु उद्योग प्रकोष्ठ के पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयोजक आकाश सक्सेना ने विधानसभा सचिवालय के प्रमुख सचिव से शिकायत की थी। गौरतलब है कि सांसद आजम खां, उनकी पत्नी विधायक डॉक्टर तजीन फातमा और बेटे अब्दुल्ला आजम पिछले नौ माह से सीतापुर की जेल में बंद हैं।