यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 21, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
SC: फ्लिपकार्ट के एकाधिकार पर सुप्रीम कोर्ट ने जताई चिंता, अब होगी जांच
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को कहा कि दिग्गज ई-कामर्स कंपनी फ्लिपकार्ट को एकाधिकार के लिए जाना जाता है। कोर्ट ने ...और पढ़ें

HighLights
- कोर्ट ने एनसीएलएटी के आदेश से उत्पन्न विवाद के निपटारे में सहायता के लिए एमिकस क्यूरी नियुक्त किया
- पीठ ने फ्लिपकार्ट के वकील से कहा कि वह एकाधिकार के मुद्दे की जांच करना चाहेगी
पीटीआई, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को कहा कि दिग्गज ई-कामर्स कंपनी फ्लिपकार्ट को एकाधिकार के लिए जाना जाता है। कोर्ट ने बाजार में स्थित छोटी कंपनियों के भविष्य को लेकर चिंता जताई है।
जस्टिस सूर्यकांत और एन कोटिश्वर सिंह की पीठ ने राष्ट्रीय कंपनी कानून अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) के आदेश से उत्पन्न विवाद के निपटारे में सहायता के लिए एक एमिकस क्यूरी नियुक्त किया।
बता दें कि एनसीएलएटी ने भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआइ) से फ्लिपकार्ट के खिलाफ उसके एकाधिकार के कथित दुरुपयोग के लिए जांच शुरू करने को कहा था।
फ्लिपकार्ट पर अनुचित व्यापार व्यवहार का आरोप
पीठ ने इस बात पर हैरानी जताई कि शिकायतकर्ता ऑल इंडिया ऑनलाइन वेंडर्स एसोसिएशन (एआइओवीए) की ओर से कोई नहीं दिखाई दिया। इसने ही फ्लिपकार्ट पर अनुचित व्यापार व्यवहार का आरोप लगाया था।
उधर, एआइओवीए की ओर से पेश हुए वकील उदयादित्य बनर्जी ने कहा कि यह संभव है कि संगठन को भंग कर दिया गया हो या अब उसका अस्तित्व ही न रहा हो।
एकाधिकार के मुद्दे की जांच करना चाहेगी
पीठ ने फ्लिपकार्ट के वकील से कहा कि वह एकाधिकार के मुद्दे की जांच करना चाहेगी। पीठ ने कहा, ''हम चाहते हैं कि बड़ी कंपनियां यहां आएं और निवेश करें, लेकिन हमें उपभोक्ताओं और छोटी कंपनियों के हितों को भी ध्यान में रखना होगा।''
फ्लिपकार्ट का छूट देना गलत
फ्लिपकार्ट के वकील ने कहा कि प्लेटफार्म की वजह से कई छोटे विक्रेता अपने कारोबार को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने में सक्षम हैं। इस पर जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि कभी-कभी फ्लिपकार्ट इतनी छूट देता है कि इससे छोटी कंपनियों का कारोबार और बाजार का संतुलन बिगड़ जाता है। पीठ ने बनर्जी से मामले में अदालत की सहायता करने को कहा।
