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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 13, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

टाडा के तहत उम्र कैद की सजा काट रहे सिख आतंकी को माफी

By Sanjeev TiwariEdited By:
Published: Tue, 13 Oct 2015 02:51 AM (IST)Updated: Tue, 13 Oct 2015 09:08 AM (IST)

टाडा के तहत उम्र कैद की सजा काट रहे एक सिख आतंकी को केंद्र सरकार ने माफी प्रदान कर दी ...और पढ़ें

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नई दिल्ली। टाडा के तहत उम्र कैद की सजा काट रहे एक सिख आतंकी को केंद्र सरकार ने माफी प्रदान कर दी है। उसे बरेली जेल से रिहा करने का आदेश भी जारी कर दिया गया है। गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को वरयाम सिंह की सजा माफ करने का आदेश दिया।

उन्होंने उत्तर प्रदेश के बरेली सेंट्रल जेल में बंद वरयाम की रिहाई का भी आदेश दिया है। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी है। उनके अनुसार सिख आतंकी की सजा माफी के लिए गृह मंत्रालय ने जेल में उसके अच्छे व्यवहार और अब तक 25 साल की सजा भुगत लेने को आधार माना है। आतंकी वारदातों में संलिप्तता के लिए वरयाम सिंह को 1990 में गिरफ्तार किया गया था, 1995 में उसे सजा सुनाई गई।

सूत्रों का कहना है कि सजा के दौरान वरयाम सिंह ने कभी भी पैरोल नहीं ली और जेल में उसका व्यवहार शानदार रहा। सूत्र बताते हैं कि 70 वर्षीय वरयाम सिंह की रिहाई के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने भी गृह मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा था। उप्र सरकार की ओर से तर्क दिया गया था कि सिख कैदी की बढ़ती उम्र को देखते हुए उसे रिहा कर दिया जाना चाहिए। ध्यान रहे कि वरयाम सिंह उन 13 सिख कैदियों में शामिल हैं, जिनकी रिहाई के लिए पंजाब सरकार ने केंद्र से आग्रह किया था।