विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

पान मसाला खाने वालों के लिए बड़ी खबर... सरकार ने जारी कर दिया ये आदेश, खरीदारों को झटका!

Published: Wed, 03 Dec 2025 05:59 PM (IST)Updated: Wed, 03 Dec 2025 06:58 PM (IST)

लोकसभा ने बुधवार को सेंट्रल एक्साइज (अमेंडमेंट) बिल 2025 को वॉयस वोट से पास कर दिया। इससे सरकार को GST ...और पढ़ें

पान मसाला खाने वालों के लिए बड़ी खबर। (फाइल)

पान मसाला खाने वालों के लिए बड़ी खबर। (फाइल)

HighLights

  1. सरकार का पान मसाला पर नया आदेश

  2. खरीदारों को होगा सीधा फायदा

  3. उत्पादों पर देनी होगी पूरी जानकारी

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। उपभोक्ताओं को सही जानकारी देने और कारोबार में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार ने पान मसाला कंपनियों पर नए नियम लागू किए हैं।

उपभोक्ता मामलों के विभाग ने अधिसूचना जारी कर बताया कि पहली फरवरी 2026 से देश में बिकने वाला हर पान मसाला पैक, चाहे वह कितना भी छोटा क्यों न हो, उस पर खुदरा बिक्री मूल्य (आरएसपी) का स्पष्ट उल्लेख करना जरूरी होगा। अब तक दस ग्राम या उससे कम वाले छोटे पाउच इस नियम से बाहर थे। अब उन्हें भी इसके दायरे में ला दिया गया है।

सरकार ने पहले वाले प्रविधान को हटाकर साफ कर दिया है कि अब कोई भी निर्माता, पैकर या आयातक किसी पैक को बिना अनिवार्य विवरण के बाजार में नहीं उतार सकेगा। हर पैक पर दाम के साथ वे सारी जानकारियां देनी होंगी, जो लीगल मेट्रोलाजी (पैकेज्ड कमोडिटीज) नियम-2011 के तहत तय है। इससे कई बार छोटे पाउच पर दाम छिपाने या गुमराह करने जैसी स्थितियों को रोकने में मदद मिलेगी।इस बदलाव का असर केवल उपभोक्ताओं की सुविधा पर ही नहीं पड़ेगा, बल्कि कर प्रणाली पर भी होगा।

पान मसाला पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) अब पैक पर लिखे दाम के आधार पर तय किया जाएगा। इसलिए सरकार चाहती है कि हर आकार का पैक एक समान नियमों में आए, ताकि कर आकलन सही तरीके से हो सके और राजस्व संग्रह में वृद्धि हो सके।

सरकार का कहना है कि नया नियम लागू होने से दाम को लेकर भ्रम खत्म होगा। उपभोक्ता सचेत होंगे और कारोबारियों को स्पष्ट नियमों का पालन करना पड़ेगा। जाहिर है इस फैसले को बाजार में साफ-सुथरा व्यापार और उपभोक्ता हितों की सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम माना जा रहा है।