यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
नया खुलासा: ऑपरेशन सिंदूर में बातचीत के लिए वाट्सएप नहीं, इस भारतीय इकोसिस्टम का किया गया था इस्तेमाल
भारतीय सेना ने पाकिस्तान में ऑपरेशन सिंदूर के करके आतंकियों के ठिकानों को तबाह कर दिया था। वहीं एक बात ...और पढ़ें

HighLights
- ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सेना ने बातचीत के लिए वाट्सएप का उपयोग नहीं किया था
- स्वदेशी रूप से विकसित सुरक्षित मोबाइल इकोसिस्टम, संभव का उपयोग किया था
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय सेना ने पाकिस्तान में ऑपरेशन सिंदूर के करके आतंकियों के ठिकानों को तबाह कर दिया था। वहीं ऑपरेशन सिंदूर को लेकर नए नए खुलासे होते रहते हैं। वहीं, एक बात और सामने आई है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सेना ने बातचीत के लिए वाट्सएप का उपयोग नहीं किया था बल्कि इसकी जगह स्वदेशी रूप से विकसित सुरक्षित मोबाइल इकोसिस्टम, संभव (सिक्योर आर्मी मोबाइल भारत संस्करण) का इस्तेमाल किया था।
थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने खुलासा किया कि भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर में अपने स्वदेशी रूप से विकसित सुरक्षित मोबाइल इकोसिस्टम, संभव (सिक्योर आर्मी मोबाइल भारत संस्करण) का इस्तेमाल किया। उन्होंने यह भी पुष्टि की कि सेना अब इसको अपग्रेड करने की तैयारी कर रही है।
एआईएमए के 52वें राष्ट्रीय प्रबंधन सम्मेलन में बोलते हुए जनरल द्विवेदी ने कहा कि हम उपकरणों के नए विकास को स्वीकार करने के लिए तैयार हैं। ऑपरेशन सिंदूर में कमांड और संचार के लिए 'संभव फोन' का इस्तेमाल किया गया था। हम व्हाट्सएप और अन्य का इस्तेमाल नहीं कर रहे थे। अब हम इसे और भी बेहतर बना रहे हैं।
थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने पुष्टि की कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सुरक्षित कमान और समन्वय में संभव फोन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने इस मिशन को एक ऐतिहासिक, खुफिया जानकारी से प्रेरित प्रतिक्रिया बताया।
उन्होंने बताया कि इस मिशन में सैनिकों, कमांडरों, वैज्ञानिकों और महान नीति-निर्माताओं ने मिलकर काम किया था। जिसकी वजह से ऑपरेशन सिंदूर इतना सफल हो पाया।
