विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 06, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

वर्ष 2031 तक 10 परमाणु ऊर्जा रिएक्टर बनाए जाएंगे: जितेंद्र सिंह

By AgencyEdited By: Shashank Mishra
Published: Thu, 06 Apr 2023 01:15 AM (IST)Updated: Thu, 06 Apr 2023 01:38 AM (IST)

सरकार ने वर्ष 2031 तक 1.05 लाख करोड़ रुपये की लागत से 10 परमाणु ऊर्जा रिएक्टर बनाने को मंजूरी दी ...और पढ़ें

राजस्थान के माही बांसवाड़ा में चार परमाणु रिएक्टर बनाए जाएंगे।
राजस्थान के माही बांसवाड़ा में चार परमाणु रिएक्टर बनाए जाएंगे।

नई दिल्ली, पीटीआई। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने लोकसभा में बुधवार को एक प्रश्न के उत्तर में बताया कि सरकार ने वर्ष 2031 तक 1.05 लाख करोड़ रुपये की लागत से 10 परमाणु ऊर्जा रिएक्टर बनाने को मंजूरी दी है। कर्नाटक के कैगा, हरियाणा के गोरखपुर और मध्य प्रदेश के चुटका में दो-दो रिएक्टर बनाए जा रहे हैं।

परमाणु ऊर्जा का इस्तेमाल बंद करने की कोई योजना नहीं

राजस्थान के माही बांसवाड़ा में चार परमाणु रिएक्टर बनाए जाएंगे। गोरखपुर, हरियाणा के फतेहाबाद जिले का गांव है। अन्य प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि भविष्य में परमाणु ऊर्जा का इस्तेमाल बंद करने की कोई योजना नहीं है। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में जितेंद्र सिंह ने यह भी बताया कि सीबीआइ ने वर्ष 2018 से अब तक (28 फरवरी, 2023 तक) 166 सिविल सेवा अधिकारियों के खिलाफ 110 मामले दर्ज किए हैं।

जनगणना के लिए आधार डाटा का उपयोग करने की योजना नहीं

इलेक्ट्रानिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने बुधवार को लोकसभा को बताया कि जनगणना के लिए आधार डाटा के इस्तेमाल की कोई योजना नहीं है।

उन्होंने लिखित उत्तर में कहा, भारत के महापंजीयक और जनगणना आयुक्त के कार्यालय ने बताया है कि जनगणना के लिए आधार डाटा का उपयोग करने की कोई योजना नहीं है। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण के अनुसार फरवरी अंत तक 136 करोड़ से अधिक आधार नंबर जारी किए गए हैं।

879 डाकघरों में मोबाइल नेटवर्क, इंटरनेट कनेक्टिविटी नहीं संचार राज्य मंत्री देव सिंह चौहान ने लोकसभा में लिखित उत्तर में कहा कि 879 शाखा डाकघरों, विशेषकर दुर्गम इलाकों में में मोबाइल नेटवर्क या इंटरनेट कनेक्टिविटी नहीं हैं। डाक विभाग ने दूरसंचार विभाग के साथ उन डाकघरों को कनेक्टिविटी प्रदान करने का मामला उठाया है जिनके पास मोबाइल नेटवर्क या इंटरनेट कनेक्टिविटी नहीं है।