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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

GST Council Meeting: पैसे की कमी नहीं बनेगी मौत की वजह, देश में कैंसर का इलाज कराना होगा सस्ता

Published: Mon, 09 Sep 2024 10:16 PM (IST)

जीएसटी काउंसिल ने कैंसर की तीन दवाओं ट्रैस्टुजुमैब डेरक्सटेकन ओसिमर्टिनिब और डर्वालुमैब पर टैक्स की दर को 12 प्रतिशत से ...और पढ़ें

GST Council Meeting: देश में कैंसर का इलाज सस्ता होगा।(फोटो सोर्स: सोशल माडिया)
GST Council Meeting: देश में कैंसर का इलाज सस्ता होगा।(फोटो सोर्स: सोशल माडिया)

HighLights

  1. कार की सीट पर लगने वाले जीएसटी को 18 से 28 प्रतिशत किया गया
  2. नमकीन पर लगने वाले 18 प्रतिशत जीएसटी को 12 प्रतिशत किया गया
  3. विश्वविद्यालयों को मिलने वाले रिसर्च फंड पर नहीं लगेगा कोई टैक्स

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। आने वाले समय में कैंसर का इलाज कराना सस्ता होगा। जीएसटी काउंसिल ने कैंसर की तीन दवाओं ट्रैस्टुजुमैब डेरक्सटेकन, ओसिमर्टिनिब और डर्वालुमैब पर टैक्स की दर को 12 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत कर दिया है। ये दवाएं स्तन कैंसर, फेफड़ों के कैंसर और गॉल ब्लैडर व पित्ताशय से संबंधित कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होती हैं।

कार-मोटरसाइकिल की सीट होगी सस्ती 

इसके अलावा नमकीन पर लगने वाले 18 प्रतिशत जीएसटी को 12 प्रतिशत करने का फैसला किया गया है। दूसरी तरफ कार की सीट पर लगने वाले 18 प्रतिशत जीएसटी को बढ़ाकर 28 प्रतिशत कर दिया गया। मोटरसाइकिल की सीट पर पहले से ही 28 प्रतिशत जीएसटी है। जीएसटी परिषद की 54वीं बैठक के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि काउंसिल की बैठक में एक और महत्वपूर्ण फैसला लिया गया है।

रिसर्च फंड पर नहीं लगेगी जीएसटी

अब सरकारी या निजी विश्वविद्यालय को सरकार या निजी संस्थान से मिलने वाले किसी भी प्रकार के रिसर्च फंड पर जीएसटी नहीं लगेगा। अब तक अगर निजी विश्वविद्यालय को निजी संस्थान से रिसर्च के लिए फंड या राशि मिलती थी तो उस पर 18 प्रतिशत की दर से जीएसटी लगता था।

सीतारमण ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निजी तौर पर कहने पर उन्होंने काउंसिल की बैठक में इस प्रस्ताव को रखा और बंगाल की वित्त मंत्री ने सबसे पहले उनके प्रस्ताव का समर्थन किया और फिर सबने इस पर अपनी सहमति दी।

ऑनलाइन गेमिंग पर जीएसटी राहत की संभावना खत्म

वित्त मंत्री ने बताया कि आनलाइन गेमिंग पर पिछले साल अक्टूबर में 28 प्रतिशत जीएसटी लगाने के दौरान यह कहा गया था कि छह माह के बाद इसकी समीक्षा की जाएगी। समीक्षा रिपोर्ट में यह पाया गया कि आनलाइन गे¨मग के राजस्व में पिछले छह महीनों में 412 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।

अक्टूबर से पहले के छह महीनों में प्राप्त राजस्व से इसकी तुलना की गई है। अक्टूबर से पहले के छह महीनों में आनलाइन गे¨मग कंपनियों को 1349 करोड़ रुपये का राजस्व हासिल हुआ था जबकि पिछले साल अक्टूबर के बाद के छह महीनों में इन कंपनियों को 6909 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।

ऑलाइन गेमिंग कंपनियां सरकार से 28 प्रतिशत जीएसटी को खत्म करने की मांग कर रही हैं, लेकिन राजस्व में इतनी बढ़ोतरी के बाद यह संभावना बिल्कुल समाप्त हो गई।

बी2सी को ई-बिल देने का शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट

काउंसिल की बैठक में पायलट आधार पर बिजनेस टू कंज्यूमर को ई-बिल देने की शुरुआत करने का भी फैसला किया गया। अभी कुछ आइटम और कुछ राज्यों में इसकी शुरुआत होगी। इससे खुदरा व्यापारियों को या किसी उपभोक्ता को भी जीएसटी रिटर्न लेने में आसानी होगी। हेलिकाप्टर में सीट शेय¨रग पर पहले की तरह पांच प्रतिशत जीएसटी लगेगा।

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