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'पुलिस से शिकायत की तो फोटो और वीडियो..., यौन उत्पीड़न से परेशान होकर छात्रा ने की आत्महत्या; सुसाइड नोट में लिखी आपबीती

विशाखापट्टनम में एक फर्स्ट ईयर डिप्लोमा की छात्रा ने आत्महत्या कर ली है। छात्रा ने कॉलेज से जुड़े कई स्टाफ पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए। छात्रा ने ये भी जानकारी दी कि कॉलेज की कई छात्राओं का यौन उत्पीड़न किया जा रहा है। कई लोग छात्राओं की तस्वीरों का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं। पुलिस ने हमने POCSO और रैगिंग एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।

By Agency Edited By: Piyush Kumar Tue, 02 Apr 2024 12:43 PM (IST)
आंध्र प्रदेश में एक छात्रा ने यौन उत्पीड़न से परेशान होकर आत्महत्या कर ली।(फोटो सोर्स: जागरण)

एएनआई, विशाखापट्टनम । आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम में एक फर्स्ट ईयर डिप्लोमा की छात्रा ने सुसाइड कर ली है। यौन उत्पीड़न से परेशान होकर छात्रा ने अपनी जिंदगी को खत्म करने का फैसला कर लिया। उसने 28 मार्च की आधी रात को आत्महत्या कर ली। छात्रा ने एक सुसाइड नोट भी लिखा।

छात्रा ने कॉलेज से जुड़े कई स्टाफ पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए। छात्रा ने ये भी जानकारी दी कि कॉलेज की कई छात्राओं का यौन उत्पीड़न किया जा रहा है। कई लोग छात्राओं की तस्वीरों का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।

आरोपियों ने छात्रा को दी थी धमकी

छात्रा ने लिखा कि कॉलेज के स्टाफ ने उसे धमकी दी थी कि अगर पीड़िता ने इस मामले को पुलिस को बताने की कोशिश की थी उसकी तस्वीरों और वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर किया जाएगा।

पुलिस ने जानकारी दी कि कॉलेज स्टाफ ने गुरुवार को छात्रा के माता-पिता को जानकारी दी थी कि उनकी बेटी रात 9 बजे से लापता है। छात्रा के भाई ने समाचार एजेंसी एएनआई को जानकारी दी कि उनकी बहन के साथ यौन उत्पीड़न हुआ है और कॉलेज के लोगों ने इस अपराध को अंजाम दिया है।

भाई का दावा- बहन के शरीर पर नहीं मिले कोई खून के निशान

छात्रा के भाई ने बताया कि "कॉलेज ने कहा है कि उसकी मौत कॉलेज की इमारत से आत्महत्या करके हुई, लेकिन हमें शरीर पर कोई खून के निशान, फ्रैक्चर या किसी भी तरह की चोट नहीं मिली।"

पॉक्सो के तहत मामला किया गया दर्ज

मृतक के पिता ने अपनी बेटी की मौत पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी बेटी की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए। छात्रों ने पीड़िता के लिए न्याय की मांग को लेकर कॉलेज के सामने विरोध प्रदर्शन भी किया।

इस मामले पर बात करते हुए एक पुलिस अधिकारी ने कहा, "हमने POCSO और रैगिंग एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। हम मामले की जांच कर रहे हैं।"

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