शाहजहांपुर। एक महिला ने पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री राममूर्ति सिंह वर्मा समेत पांच के खिलाफ मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) कोर्ट में दुष्कर्म का आरोप लगाया है। सीजेएम ने सीओ स्तर के अधिकारी से रिपोर्ट मांगते हुए सुनवाई के लिए चार जून की तिथि निर्धारित की है। पीडि़ता आंगनबाड़ी कार्यकत्री है।

प्रार्थनापत्र के मुताबिक पीडि़ता 15 अप्रैल को केंद्र बंदकर घर जा रही थी। तभी अमित कुमार सिंह भदौरिया बाइक से पहुंचा और उससे कहा कि मंत्री राममूर्ति सिंह वर्मा ने 19 अप्रैल को उसे बुलाया है। इन्कार करने पर अश्लील शब्द कहते हुए चला गया। 30 अप्रैल को पीडि़ता के मोबाइल पर कॉल आई।

दूसरी ओर से बोल रहे शख्स ने खुद को राममूर्ति सिंह वर्मा बताते हुए कहा कि उसे बुलाने के लिए अमित को भेजा था। उसने आने से मना कर दिया, यह बात उसकी सेहत के लिए ठीक नहीं रहेगी। पीडि़ता का कहना है कि पांच मई को इंस्पेक्टर श्रीप्रकाश राय उसके घर आए और जबरदस्ती कार में बैठाकर पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस ले गया।

पीडि़ता के अनुसार यहां मंत्री ने उसके साथ दुष्कर्म करने के बाद उसे अपने साथी अमित प्रताप भदौरिया, ब्रहम कुमार दीक्षित व गुफरान के हवाले कर दिया। तीनों ने भी उसके साथ दुष्कर्म किया। पीडि़ता के अधिवक्ता वीरेंद्र पाल सिंह चौहान ने सीजेएम शैलेंद्र कुमार पांडेय से दोषियों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की है।

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Posted By: Gunateet Ojha