नई दिल्ली [जागरण स्पेशल]। दुनिया की शुरुआत से लेकर अब तक महिलाओं ने हर क्षेत्र में अपना परचम लहराया है, लोगों के जीवन को प्रभावित किया है। बीबीसी हिस्ट्री मैग्जीन ने दुनिया की ऐसी ही सौ महिलाओं की सूची जारी की है जिन्होंने दुनिया को बदलने में बड़ा योगदान किया। इसमें रेडियोधर्मिता पर गहन शोध करने वाली और नोबेल पुरस्कार जीतने वाली वैज्ञानिक मैरी क्यूरी को पहला स्थान मिला है। गरीबों व लाचारों की सेवा में अपना जीवन बिताने वाली मदर टेरेसा 20वें पायदान पर है। सूची में इंदिरा गांधी, सरोजिनी नायडू और अमृता प्रीतम अन्य भारतीय नाम हैं।

ऐसे बनी सूची
मैग्जीन ने दस विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों को ऐसी दस-दस महिलाओं का नाम देने को कहा जिन्होंने उन्हें सबसे ज्यादा प्रभावित किया हो। इन सौ महिलाओं के नामों को पाठकों के वोट के आधार पर सूचीबद्ध किया गया।

शीर्ष पांच महिलाएं

मैरी क्यूरी 
(1867-1934)
फ्रांसीसी वैज्ञानिक, रेडियोधर्मिता विज्ञान की खोज करने वाली नोबेल पुरस्कार विजेता।

रोजा पाक्र्स
(1913-2005)
अमेरिकी नागरिक समानता अधिकार कार्यकर्ता, मदर ऑफ फ्रीडम मूवमेंट नाम मिला।

एमेलाइन पांखुस्र्ट 
(1858-1928)
ब्रिटिश सफ्रागेट आंदोलन की नेत्री, उनके प्रयासों से ब्रिटेन में महिलाओं को मतदान का अधिकार मिला।

एडा लवलेस 
(1815-1852)
ब्रिटिश गणितज्ञ व लेखक, इन्हें पहला कंप्यूटर प्रोग्रामर माना जाता है।

रॉसलिंड फ्रैंकलिन
(1920-1958)
ब्रिटिश केमिस्ट और क्रिस्टल वैज्ञानिक, डीएनए की घुमावदार सीढ़ीनुमा बनावट की खोजकता युग प्रवर्तक भारतीय महिलाएं।

मदर टेरेसा
(26 अगस्त, 1910-5 सितंबर, 1997)
20वां स्थान सूची में अल्बानिया में जन्मीं अगनेस गोंझा बोयाजिजू ने कम उम्र में ही गरीबों, लाचारों और बीमारों की सेवा करने का प्रण ले लिया था। वह रोमन कैथलिक नन बनीं और 1948 में कलकत्ता आ बसीं। यहीं उन्होंने अपना पूरा जीवन बिताया। उनके सेवा कार्यों के लिए उन्हें मदर टेरेसा नाम मिला। 1950 में उन्होंने मिशनरीज ऑफ चैरिटी संस्था का गठन किया। रमन मैग्सेसे और नोबेल शांति पुरस्कार समेत कई पुरस्कार मिले।

इंदिरा गांधी
(19 नवंबर, 1917-31 अक्टूबर, 1984)
49वां स्थान सूची में देश की पहली और इकलौती महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को उनके दृढ़ संकल्पी व्यक्तित्व और कठोर निर्णयों के लिए जाना जाता है। उन्होंने दो बार देश की सत्ता संभाली। 1969 में उन्होंने बैंकों का राष्ट्रीयकरण करके देश की अर्थव्यस्था को सुधारने में बड़ा योगदान दिया। 1971 के युद्ध में पाकिस्तान को करारी शिकस्त देने के बाद उन्हें दुर्गा कहा जाने लगा।

सरोजिनी नायडू
(13 फरवरी, 1879-2 मार्च, 1949)
77वां स्थान सूची में भारत की स्वर कोकिला और स्वतंत्रता सेनानी एवं कवयित्री सरोजिनी नायडू कांग्रेस की अध्यक्ष और किसी प्रदेश की राज्यपाल बनने वाली पहली भारतीय महिला थीं। 1917 में उन्होंने भारतीय महिला एसोसिएशन के गठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

अमृता प्रीतम
(31 अगस्त, 1919-31 अक्टूबर, 2005)
100वां स्थान सूची में पंजाबी और हिंदी भाषा की लेखिका और कवयित्री अमृता प्रीतम अपने समय की महिलाओं से कहीं आगे की मानी जाती हैं। अपने छह दशक लंबे करियर में उन्होंने कविताओं, उपन्यासों, निबंधों और पंजाबी गीतों की सौ से अधिक किताबें लिखीं। उन्होंने लेखन में महिलाओं की आवाज बुलंद की और कई मानवीय पहलुओं को नए रूप में सामने रखा। उन्हें साहित्य अकादमी, भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार, पद्म श्री और पद्म विभूषण से नवाजा गया।

अन्य प्रमुख नाम
मार्गरेट थैचर: ब्रिटेन की पहली महिला प्रधानमंत्री, छठा स्थान 
एंजेला बर्डेट-काउट्स: इंग्लैंड की सबसे अमीर महिलाओं में शुमार, 7वां स्थान
मैरी वोलस्टोनक्राफ्ट: ब्रिटिश लेखिका व दार्शनिक, 8वां स्थान 
फ्लोरेंस नाइटिंगेल: ब्रिटिश नर्स और सामाजिक कार्यकर्ता, 9वां स्थान
मैरी स्टोप्स: ब्रिटिश लेखिका और महिला अधिकारों की हिमायती, 10वां स्थान
डायना: वेल्स की राजकुमारी, 15वां स्थान
अमेलिया इयरहार्ट: पायलट, 16वां स्थान
महारानी विक्टोरिया: ब्रिटेन की महारानी, 17वां स्थान
क्लियोपेट्रा: मिस्र सम्राज्य की आखिरी महारानी, 24वां स्थान
वर्जीनिया वुल्फ: ब्रिटिश उपन्यासकार, 31वां स्थान
फ्रीडा काह्लो: मेक्सिकन कलाकार, 34वां स्थान
कोको शनेल: फ्रांसीसी फैशन डिजायनर, 45वां स्थान
कैथरीन ग्राहम: वाशिंगटन पोस्ट की प्रकाशक, 48वां स्थान
श्रीमाओ भंडारनायके: श्रीलंका की प्रधानमंत्री, 53वां स्थान
जंको ताबेई: जापानी पर्वतारोही, 57वां स्थान
रूथ हैंडलर: बार्बी डॉल बनाने वाली अमेरिकी बिजनेसवुमन, 78वां स्थान 

Posted By: Vikas Jangra