यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 21, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Badlapur Today News: बदलापुर स्टेशन पर विरोध प्रदर्शन से रेल सेवाएं बाधित, 12 ट्रेनों के बदले रूट; 30 लोकल ट्रेनें रद
ठाणे जिले के बदलापुर रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को हुए विरोध प्रदर्शन के कारण मार्ग पर रेल सेवाएं बाधित हुईं ...और पढ़ें

HighLights
- छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) से अंबरनाथ और कसारा की ओर सेवाएं सामान्य
- रेलवे ने राज्यों के परिवहन विभागों से यात्रियों के लिए 100 बसें उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है
एएनआई, ठाणे। महाराष्ट्र के ठाणे जिले में बदलापुर के नामी स्कूल में एक बच्ची के साथ कथित यौन उत्पीड़न की घटना के खिलाफ लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है। मंगलवार को हुए विरोध प्रदर्शन के कारण मार्ग पर रेल सेवाएं बाधित हुईं, जिसके कारण 12 मेल एक्सप्रेस ट्रेनों का मार्ग परिवर्तित करना पड़ा और 30 लोकल ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द करना पड़ा।
30 लोकल ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द
सीपीआरओ सेंट्रल रेलवे ने एक बयान में कहा कि अब तक लगभग 12 मेल एक्सप्रेस ट्रेनों को डायवर्ट किया गया है और कोयना को बदलापुर के पास से वापस कल्याण और फिर दिवा और पनवेल के रास्ते कर्जत की ओर भेजा गया है। अंबरनाथ और कर्जत खोपोली के बीच लगभग 30 लोकल ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द कर दिया गया है वहीं, अभी यह संख्या और बढ़ेगी।
उन्होंने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) से अंबरनाथ और कसारा की ओर सेवाएं सामान्य रूप से चल रही हैं। स्थिति से निपटने के लिए रेलवे ने राज्यों के परिवहन विभागों से यात्रियों के लिए 100 बसें उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
यात्रियों को परेशानी न हो इसके लिए किए जा रहे इंतजाम
सीपीआरओ ने बयान में कहा कि हमने कल्याण से कर्जत तक यात्रियों की आवश्यकता को पूरा करने के लिए लगभग 100 बसों के प्रावधान के लिए विभिन्न राज्य परिवहन से मदद का अनुरोध किया है। अब तक यात्रियों की सुविधा के लिए लगभग 55 बसें पहले ही स्थानांतरित की जा चुकी हैं।
ये है मामला
महाराष्ट्र के ठाणे जिला स्थित बदलापुर के एक स्कूल में दो बच्चियों के यौन शोषण का मामला सामने आने के बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। बच्चियों के अभिभावकों ने स्कूल के सामने एकत्र होकर वहां तोड़फोड़ और पथराव किया। यह सब कुछ चल ही रहा था कि इस घिनौनी वारदात के विरुद्ध अभिभावकों को आम नागरिकों का भी साथ मिल गया और कुछ ही समय में अभिभावकों का साथ देने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुट गए।
