यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 09, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
शरद पवार और संजय राउत को मिली जान से मारने की धमकी, पुलिस कमिश्नर से मिलने पहुंचीं सुप्रिया सुले
एनसीपी प्रमुख शरद पवार को एक वेबसाइट के जरिए धमकी देने का मामला सामने आया है। उनकी बेटी और सांसद ...और पढ़ें

HighLights
- एनसीपी प्रमुख शरद पवार को वेबसाइट के जरिए मिली धमकी
- शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले ने पुलिस से लगाई न्याय की गुहार
- शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत को भी मिली धमकी
- सुप्रिया सुले ने कहा- इस तरह की हरकतें निचले स्तर की राजनीति, इसे बंद करना चाहिए
- सुप्रिया सुले ने गृह मंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री से भी की अपील
मुंबई, एएनआई। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के प्रमुख शरद पवार और उद्धव ठाकरे गुट के सांसद संजय राउत को जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। यह धमकी एक वेबसाइट के जरिए दी गई है। पवार की बेटी और लोकसभा सांसद सुप्रिया सुले ने पुलिस से मदद और न्याय की गुहार लगाई है। वह मुंबई पुलिस कमिश्नर से मिलने भी पहुंचीं।
वेबसाइट के जरिए पवार को दी गई धमकी
सुप्रिया सुले ने कहा, ''मुझे वॉट्सऐप पर पवार साहब के लिए एक संदेश मिला। उन्हें एक वेबसाइट के माध्यम से धमकी दी गई है। इसलिए मैं पुलिस के पास न्याय मांगने आई हूं।''
#WATCH | Mumbai | "I received a message on WhatsApp for Pawar Sahab. He has been threatened through a website. So, I have come to the Police demanding justice. I urge Maharashtra Home Minister and Union Home Minister. Such actions are low-level politics and this should stop..,"… pic.twitter.com/C7zwuJlzQq
— ANI (@ANI) June 9, 2023
संजय राउत के भाई ने दी जानकारी
शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के सांसद संजय राउत और उनके भाई सुनील राउत को गुरुवार से जान से मारने की धमकी भरे फोन आ रहे हैं। उद्धव ठाकरे गुट के विधायक सुनील राउत ने बताया कि धमकी भरे संदेश में मीडिया से बात नहीं करने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि मुंबई पुलिस आयुक्त और राज्य के गृह मंत्री को इस बारे में जानकारी दे दी है।
''इस तरह की हरकतें निचले स्तर की राजनीति''
सुप्रिया ने कहा, ''मैं महाराष्ट्र के गृह मंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री से भी न्याय की गुहार लगाती हूं। इस तरह की हरकतें निचले स्तर की राजनीति हैं, जिसे बंद करना चाहिए।''
