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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 06, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

राजा रघुवंशी हत्याकांड मामले की SIT जांच शुरू, स्वजनों ने सोनम को अगवा कर बांग्लादेश भेजने का जताया शक

Published: Fri, 06 Jun 2025 12:02 AM (IST)

इंदौर के ट्रांसपोर्टर राजा रघुवंशी हत्याकांड की जांच एसआईटी कर रही है। शिलांग में वारदात से पहले का सीसीटीवी फुटेज ...और पढ़ें

शिलांग में एसआइटी ने शुरू की छानबीन। (फोटो- जेएनएन)
शिलांग में एसआइटी ने शुरू की छानबीन। (फोटो- जेएनएन)

जेएनएन, इंदौर। शिलांग में इंदौर के ट्रांसपोर्टर राजा रघुवंशी हत्याकांड की विशेष जांच दल (एसआईटी) ने जांच शुरू कर दी है। गुरुवार को एसआईटी ने शिलांग में वारदात के एक दिन पहले का सीसीटीवी फुटेज निकाला। राजा और उनकी पत्नी सोनम होटल के रिसेप्शन पर दिखाई दे रहे हैं।

वहीं, स्वजन सीबीआई जांच पर अड़े हैं। उन्होंने मानव तस्करी का शक जताया है। इंदौर के सहकार नगर निवासी ट्रांसपोर्ट कारोबारी 30 वर्षीय राजा रघुवंशी पत्नी सोनम के संग शिलांग में हनीमून टूर पर गए थे। कई दिन लापता रहने के बाद राजा का शव शिलांग में डबल डेकर इलाके में मिला, मगर उनकी पत्नी सोनम का पता 14 दिन बाद भी नहीं चला है।

मामले की जांच में जुटी एसआईटी

गुरुवार को सोहरारिम के समीप माकमा, खेड़ी जैसे क्षेत्र में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, एसआरटी, एफईएस ने सर्चिंग की। सोनम के भाई गोविंद ने कहा कि पुलिस शव ढूंढ रही है। सोनम जिंदा भी तो हो सकती है। पुलिस को संदेहियों से पूछताछ करना चाहिए। राजा के भाई विपिन ने कहा कि बांग्लादेश सीमा 40 किमी की दूरी पर है।

वारदात में मानव तस्कर भी शामिल हो सकते हैं। लोगों ने बताया कि पूर्व में और भी युगल इलाके से गायब हुए हैं। सोनम के भाई गोविंद को भी अपनी जान का खतरा है। उसको तरह-तरह की धमकियां मिल रही हैं। जब तक सीबीआई जांच नहीं करेगी, सच से पर्दा नहीं उठेगा।

एसआईटी में शामिल साइबर एक्सपर्ट ने निकाली डिटेल

गुरुवार से एसआइटी भी एक्शन में आ गई। टीम के अलग-अलग सदस्य जांच कर रहे हैं। एक टीम ने सोनम और राजा के मोबाइल की काल डिटेल और टावर लोकेशन निकाली है। एक टीम ने 22 मई के सीसीटीवी फुटेज निकाले हैं। फुटेज शिलांग के एक होटल के हैं।

दोनों ने शाम को होटल चेकआउट किया था। इसके बाद ही दोनों सिसौरा की होटल में गए थे। स्कूटर के जीपीएस में छुपा हत्या-अपहरण का रहस्य स्वजन एसआईटी की जांच से भी संतुष्ट नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रमुख संदेही तो स्कूटर किराये से देने वाला व्यक्ति है। स्कूटर में जीपीएस लगा है और उसकी स्पीड व जाने का रूट स्पष्ट होता है। जिस जगह राजा का शव मिला, वहां स्पीड कम थी। इसके बाद 50 किमी प्रतिघंटा की स्पीड से स्कूटर चला है। इससे साफ है हत्या के बाद स्कूटर को छोड़ा गया है।