MP News: मेडिकल छात्रों ने पहले की रैगिंग की शिकायत, जांच हुई तो कर दिया इनकार, 5 सीनियर्स सस्पेंड
MP News जांच कमेटी के अनुसार जूनियर छात्रों ने पहले रैगिंग की बात कही थी। जब जांच कमेटी गठित हुई और उनके बयान लिए तो सभी छात्र मुकर गए। फिलहाल कॉलेज प्रबंधन ने 5 छात्रों को इस मामले में सस्पेंड कर दिया है।

भोपाल, जागरण ऑनलाइन डेस्क। मध्यप्रदेश के रीवा में स्थित श्याम शाह मेडिकल कॉलेज के ब्वायज हॉस्टल में हुई रैगिंग के मामले में दोषी छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। कॉलेज प्रबंधन ने दोषी पांच छात्रों को तीन महीने के लिए हॉस्टल से निष्कासित कर दिया है। जूनियर छात्रों की शिकायत के बाद यह कार्रवाई की गई है।
हॉस्टल में की थी रैगिंग
मालूम हो कि कॉलेज के हॉस्टल में रहने वाले जूनियर छात्रों ने एंटी रैगिंग हेल्पलाइन में शिकायत दर्ज कराई थी। जूनियर छात्रों ने अपनी शिकायत में कहा था कि कुछ सीनियर्स छात्रों द्वारा उनकी रैगिंग कर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। जूनियर छात्रों ने बताया था कि हॉस्टल में उनके साथ रैगिंग की जाती है। छात्रों की शिकायत के बाद कॉलेज डीन ने मामले की जांच के लिए डॉक्टर आदेश पाटीदार के नेतृत्व में कमेटी कर जांच रिपोर्ट मांगी थी। इसके बाद मामले की जांच की गई।
पहले की शिकायत, बाद में किया इनकार
जांच टीम ने जब इस मामले में पीड़ित छात्रों से बात की तो उन्होंने यह नहीं कबूला कि उनके साथ रैगिंग हुई है। हालांकि जांच कमेटी ने अपनी जांच में यह पाया कि कॉलेज के हॉस्टल में रैगिंग हुई थी, लेकिन रैगिंग किसके साथ हुई थी यह कोई नहीं बता सका।
जूनियर छात्रों ने इस बात को नहीं कबूला कि उनके साथ रैगिंग हुई है। इसको देखते हुए जिन छात्रों के नाम शुरूआती जांच में सामने आए थे कॉलेज प्रबंधन ने यह देखते हुए कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हो तो उन्हें हॉस्टल से तीन महीने के लिए सस्पेंड कर दिया। कॉलेज प्रबंधन ने कहा है कि जिन छात्रों ने रैगिंग की कंप्लेंट की थी। वह सभी अब इस कंप्लेंट से मुकर गए हैं। उन्होंने अपने साथ हुई रैगिंग होने का इनकार कर दिया है। फिलहाल 5 छात्रों को सस्पेंड कर दिया गया है।
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