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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 08, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

लक्ष्‍मीन से शादी कर बना द‍िया फात‍िमा, फि‍र मां के साथ म‍िलकर की हत्‍या, श‍िवहर में चौकाने वाली घटना

By Dharmendra Kumar SinghEdited By:
Published: Sat, 08 Oct 2022 07:27 PM (IST)

छत्तीसगढ़ की बेटी लक्ष्मीन उर्फ फातिमा खातून की पीट-पीटकर मार डाला हत्यारा पति गिरफ्तार। ढाई-तीन साल पूर्व को छत्तीसगढ़ के ...और पढ़ें

श‍िवहर में एक युवक ने मां के साथ म‍िलकर पत्‍नी को मार डाला। प्रतीकात्‍मक तस्‍वीर
श‍िवहर में एक युवक ने मां के साथ म‍िलकर पत्‍नी को मार डाला। प्रतीकात्‍मक तस्‍वीर

शिवहर, जागरण संवाददाता। शिवहर जिले के हिरम्मा थाना क्षेत्र के बंकुल गांव में पति ने अपनी मां के साथ मिलकर पत्नी फातमा खातून उर्फ लक्ष्मीन (27) की हत्या कर दी। शव को ठिकाना लगाने के लिए अन्यत्र जाने के पहले ही मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। साथ ही मृतका के पति हिरम्मा थाना क्षेत्र के बंकुल वार्ड नौ निवासी स्व. शमसुल के पुत्र मो. रेयाजुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम करा शव को स्वजन को सौंप दिया है। घटना की बाबत गांव के चौकीदार अमीरी पासवान के आवेदन पर मामला दर्ज कर पुलिस ने तहकीकात शुरू कर दी है।

दर्ज प्राथमिकी में मो. रेयाजुद्दीन के अलावा उसकी मां सुलेबुन खातून को आरोपित किया है। घटना छह अक्टूबर की है। छत्तीसगढ़ के बलौंदा बाजार भाटापाड़ा जिले के कसडोल तहसील की टुंडरा गांव की रहने वाली लक्ष्मीन कुमारी को प्रेमजाल में फांसकर नाम बदल फातिमा खातून का नाम देकर मो. रेयाजुद्दीन ने उससे शादी की थी। जिससे उसे दो साल की एक बच्ची भी है। इसी बीच छह अक्टूबर को रेयाजुद्दीन ने अपनी मां सुलेबुन खातून के साथ मिलकर पीट-पीटकर हत्या कर दी। एसपी अनंत कुमार राय ने बताया कि मो. सेराजुद्दीन छत्तीसगढ़ के चिमनी में काम करता था। जहां से वह शादी कर लड़की को लेकर गांव चला आया था। पिछले कई वर्षों से दोनों साथ रह रहे थे। एसपी ने कहा कि मामला आपसी विवाद का है। 

यह हैं मामला

हिरम्मा थाना क्षेत्र के बंकुल गांव निवासी मो. रेयाजुद्दीन छत्तीसगढ़ के बलौंदा बाजार भाटापाड़ा में वर्षों से चिमनी में मजदूरी करता था। इस क्रम में चिमनी में काम करने वाली लक्ष्मीन कुमारी के प्‍यार में उसने दीवानगी की सारी हदें पार कर दी।। ढाई -तीन साल पूर्व वह लक्ष्मीन से शादी कर अपने गांव भाग गया। इस दौरान उसने लक्ष्मीन का नाम बदलकर फातिमा खातून रख दिया। फातिमा ने पति का धर्म कबूल गृहस्थी की शुरूआत की। पति और सास सुलेबुन खातून के साथ हंसी-खुशी रहने लगी। इस बीच उसने एक बच्ची रूखसाना को भी जन्म दिया। हालांकि बाद में फातिमा खातून का अपनी सास से अक्सर विवाद होने लगा। इसकी वजह से पति से भी टकराव होने लगी। इसी क्रम में मां-बेटे ने मिलकर दो दिन पूर्व फातिमा की पीट-पीटकर हत्या कर दी। शव को ठिकाना लगाने के लिए निकले मां-बेटे को गांव के चौकीदार अमीरी पासवान ने पकड़ लिया। इस दौरान चौकीदार के साथ रेयाजुद्दीन की बकझक भी हुई। वह भागने की कोशिश में था। लेकिन, चौकीदार की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेते हुए रेयाजुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया।

कौन है फातिमा ग्रामीणों को पता नहीं, पुलिस ने किया पर्दाफाश

फातिमा खातून कौन है? वह कब रेयाजुद्दीन से शादी की और कब गांव में आई। ग्रामीणों को इसकी जानकारी नहीं है। हालांकि, हिरम्मा थाना के सहायक अवर निरीक्षक अफरोज अहमद खां ने जब रेयाजुद्दीन के घर की तलाशी ली तो कई सनसनीखेज मामले सामने आए। पुलिस ने फातिमा का मोबाइल, आधार कार्ड, भूमि का कागजात और कुछ तस्वीरें बरामद की। इसके आधार पर पाया गया कि फातिमा खातून का असली नाम लक्ष्मीन है। वह छत्तीसगढ़ बलौंदा बाजार भाटापाड़ा जिले के कसडोल तहसील की टुंडरा गांव की रहने वाली थी। उसके पिता का नाम पुनि राम व मां का नाम संतोषी देवी है। वह जाति से कहार है। लक्ष्मीन चार बहन व एक भाई है। भाई का नाम गीता राम और बहन का नाम प्रेमलता, सोनिया व पिंकी है।