नई दिल्ली, लाइफस्टाइल डेस्क। Sibling day 2020: हर साल 10 अप्रैल को सिबलिंग डे मनाया जाता है। इस दिन देश और दुनिया में सभी भाई और बहन एक दूसरे को सिबलिंग डे की शुभकामनाएं देते हैं। भाई और बहन का रिश्ता बेहद खास होता है, क्योंकि इस रिश्ते में नफरत, ईर्ष्या, जलन के साथ-साथ ढेर सारा प्यार भी होता है। जब घर में कोई नई चीज़ आती है तो इस चीज़ को लेकर भाई-बहन में जलन और ईर्ष्या का भाव पैदा हो जाती है, लेकिन जब बात केयरिंग की आती है तो दोनों एक-दूसरे का खूब ख्याल भी रखते हैं।

भाई-बहन का रिश्ता एक दोस्त का भी होता है, जो एक-दूसरे से सब कुछ शेयर करते हैं। खासकर जब बहन बड़ी हो तो बड़ी बहन मां की तरह अपने भाई का ख्याल रखती है। इसके साथ ही बड़ी बहन अपने भाई को हर मुसीबत से बाहर निकलने में भी मदद करती है। भारत में भाई-बहन का पर्व रक्षाबंधन सावन पूर्णिम के दिन बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता है। आइए सिबलिंग डे के इतिहास को जान लेते हैं कि यह कब से मनाया जाता है और इसे कोरोना वायरस महामारी में कैसे मनाएं।

क्या है इतिहास

सिबलिंग डे को लेकर दो मत हैं। एक और जहां अमेरिका में हर साल 10 अप्रैल को सिबलिंग डे मनाया जाता है। वहीं, दूसरी ओर यूरोप में हर साल 31 मई को मनाया जाता है। अमेरिका में सिबलिंग डे की शुरुआत 10 अप्रैल 1997 में हुई थी। ऐसा कहा जाता है कि क्लोडिया एवर्ट ने सिबलिंग डे मनाने का आइडिया दिया था। इसके लिए उन्होंने सिबलिंग फाउंडेशन की स्थापना भी की है, जिसे सर्वसम्मति से अमेरिकी कांग्रेस ने स्वीकार कर लिया था। इसके बाद हर साल 10 अप्रैल को सिबलिंग डे मनाया जाने लगा। ऐसा कहा जाता है कि क्लॉउडिया ने अपने भाई-बहन एलन और लिस्ट के सम्मान में इस फाउंडेशन की स्थापना की थी जिनकी बचपन में मृत्यु हो गई थी।

कैसे मनाएं सिबलिंग डे

कोरोना वायरस महामारी के कारण इस साल सब लोग अपने घरों में बंद हैं। ऐसे में आप फोन कर या सन्देश भेजकर अपने सिबलिंग को शुभकामनाएं दे सकते हैं। अगर आपके सिबलिंग घर पर हैं तो आप लॉकडाउन में उनके लिए पसंदीदा डिश भी बना सकते हैं। इसके साथ ही आप सोशल मीडिया पर दूर रहने वाले सिबलिंग के साथ भी कनेक्ट हो सकते हैं।

Edited By: Umanath Singh