यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 01, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Jharkhand Politics: 'सारंडा को हसदेव जंगल बनाने की साजिश', झामुमो ने बीजेपी पर बोला बड़ा हमला
झामुमो जिला प्रवक्ता बुधराम लागुरी ने भाजपा पर सारंडा जंगल को अडानी को सौंपने की साजिश रचने का आरोप लगाया ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, चाईबासा। झामुमो जिला प्रवक्ता बुधराम लागुरी ने आरोप लगाया कि भाजपा सारंडा जंगल को हसदेव जंगल की तरह अडानी को सौंपने की साजिश रच रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा आदिवासी–मूलवासी को खदेड़कर खनिज उत्खनन का रास्ता साफ करना चाहती है, लेकिन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की सरकार ऐसा कभी नहीं होने देगी।
लागुरी ने कहा कि सारंडा में वन्य प्राणी अभ्यारण्य (सेंचुरी) मामले पर राज्य सरकार ने अदालत के निर्देश का सम्मान करते हुए मंत्री समूह का गठन किया है।
इस समूह ने छोटा नगड़ा में आम जनता से सीधा संवाद किया और अब 2 अक्टूबर को रोआम तथा 4 अक्टूबर को डिम्बुली में जनसुनवाई आयोजित होगी, इन बैठकों से मिली रिपोर्ट 8 अक्टूबर को उच्चतम न्यायालय में प्रस्तुत की जाएगी।
गीता कोड़ा पर पलटवार
झामुमो प्रवक्ता ने भाजपा पर पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा नेताओं के बयान पूरी तरह बेबुनियाद और मनगढ़ंत हैं। यदि भाजपा सचमुच आदिवासी–मूलवासी हितों को लेकर गंभीर होती तो केंद्र सरकार से उनकी आवाज उठाती।
उन्होंने कहा कि भाजपा की प्रदेश प्रवक्ता गीता कोड़ा जनता को गुमराह कर रही हैं, जबकि हकीकत यह है कि छत्तीसगढ़ के हसदेव जंगल की तरह ही सारंडा को भी उजाड़ने की कोशिश भाजपा कर रही है।
झामुमो जिला अध्यक्ष सोनाराम देवगम ने कहा कि सरकार सारंडा संरक्षण के साथ ही यहां के आदिवासी–मूलवासी के सामाजिक, आर्थिक, धार्मिक और सांस्कृतिक हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
मंत्री समूह का उद्देश्य केवल अदालत में ठोस रिपोर्ट प्रस्तुत करना ही नहीं, बल्कि सारंडा को सुरक्षित, संरक्षित और संवर्धित करने की दिशा में व्यापक कार्ययोजना तैयार करना भी है।
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